शिमला: हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के फोजल घाटी के एक गांव के श्मशान गृह का कथित तौर पर प्रयोग नहीं करने देने पर एक दलित परिवार को जंगल में बुजुर्ग महिला का अंतिम संस्कार करने पर मजबूर होना पड़ा. धारा गांव की निवासी करीब 100 साल की एक महिला का लंबी बीमारी के बाद बृहस्पतिवार को निधन हो गया था. Also Read - PUB-G Love Story: मीलों की दूरी तय कर प्रेमी से मिलने पहुंची शादीशुदा प्रेमिका, देखते ही उड़े होश

महिला के पोते टेपराम ने आरोप लगाया कि गांव के श्मशान गृह पर शव लेकर पहुंचने के बाद ऊंची जाति के कुछ लोगों ने वहां उन्हें प्रवेश नहीं करने दिया. सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जहां टेप राम अपना बयान रिकॉर्ड कर रहा है और पीछे उसकी दादी का अंतिम संस्कार हो रहा है. टेप राम ने कहा कि उन्होंने (ऊंची जाति के लोग) कहा कि भगवान के प्रकोप के कारण अगर कुछ भी बुरा होता है तो हम लोग जिम्मेदार होंगे. इसलिए हम शव को पास के नाले ले आए और अंतिम संस्कार किया. Also Read - Israel Embassy Blast: धर्मशाला में इजराइली नागरिकों वाले क्षेत्रों की सुरक्षा बढ़ायी गई, अलर्ट पर है ये इलाका

मनाली के एसडीएम और डीसीपी से मामले को देखने को कहा
कुल्लू के उपायुक्त यूनुस से इस बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि मनाली के एसडीएम और डीसीपी से इस मामले को देखने के लिए कहा गया है. उन्होंने कहा कि हम वायरल वीडियो में नजर आ रहे व्यक्ति की पहचान करने की कोशिश कर रहे हैं. हम तथ्यों की जांच के लिए ग्रामीणों से भी बात कर रहे हैं. उपायुक्त ने कहा कि अब तक कोई भी सामने नहीं (शिकायत दर्ज कराने) आया है, हम सही सूचना हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं. मैं ऐसे मामलों में बहुत सख्त हैं. अगर कुछ भी ठोस सामने आता है, मैं किसी को नहीं बख्शूंगा (जो इसके लिए जिम्मेदार होगा). Also Read - हिमाचल प्रदेश में जबरदस्त बर्फबारी, अटल सुरंग के पास 300 पर्यटक फंसे, पुलिस ने बचाया