नई दिल्ली: गृह मंत्री और भाजपा अध्यक्ष, अमित शाह ने तमाम अटकलों पर विराम लगाते हुए शुक्रवार को साफ कर दिया कि हरियाणा में बीजेपी जेजेपी के साथ मिलकर सरकार बनाएगी. कुल मिलाकर हरियाणा में भाजपा-जेजेपी गठबंधन कन्फर्म हो गया है. जहां सीएम भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) से होगा तो वहीं डिप्टी सीएम जननायक जनता पार्टी (जेजेपी) से होगा. अमित शाह ने कहा, “हरियाणा के लोगों द्वारा जनादेश को स्वीकार करते हुए, दोनों दलों (भाजपा-जेजेपी) के नेताओं ने फैसला किया है कि हरियाणा में भाजपा-जेजेपी मिलकर सरकार बनाएंगे.”

इसके अलावा उन्होंने ये भी कहा सीएम बीजेपी से डिप्टी सीएम जेजेपी से होंगे. दोनों दलों के नेता आज (शनिवार) राज्यपाल से मिलेंगे और राज्य में सरकार बनाने के लिए अपनी दावेदारी पेश करेंगे. इस मौके पर मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि राज्य में सरकार बनाने के दावे को पेश करने के लिए वे कल चंडीगढ़ में राज्यपाल से मिलेंगे.

इस मौके पर जेजेपी नेता दुष्यंत चौटाला ने कहा, “हरियाणा को एक स्थिर सरकार देने के लिए भाजपा और जेजेपी का साथ आना महत्वपूर्ण था. मैं अमित शाह जी और नड्डा जी को धन्यवाद देना चाहता हूं. हमारी पार्टी ने तय किया था कि राज्य की बेहतरी के लिए एक स्थिर सरकार होना जरूरी है.”

संवाददाता सम्मेलन में शाह और चौटाला के अलावा खट्टर और भाजपा के अन्य नेता मौजूद थे. चौटाला ने कहा कि उनकी पार्टी का मानना है कि हरियाणा में स्थिरता के लिए गठबंधन जरूरी था. बृहस्पतिवार को हरियाणा विधानसभा चुनाव की मतगणना में भाजपा को 40 सीटें मिलने के बाद पार्टी के शीर्ष नेता सक्रिय हो गए थे. भाजपा का सीटों का आंकड़ा बहुमत से छह कम रह गया था. सात निर्दलीय विधायकों ने भी भाजपा को समर्थन की घोषणा की है.

भाजपा का चौटाला को अपने पाले में लाने का निर्णय जाटों को तुष्ट करने की उसकी इच्छा को रेखांकित करता है जिससे कि उसकी सरकार सुचारू तरीके से चल सके. राज्य में प्रभावी जाट समुदाय के बारे में माना जाता है कि उन्होंने हाल के चुनावों में भाजपा के खिलाफ वोट किया. इससे यह भी सुनिश्चित होगा कि उसे सरकार के बने रहने के लिए निर्दलीयों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा.