बेंगलुरु: देश में कोरोना वायरस के कारण वित्तीय सेक्टर में भारी गिरावट दर्ज की जा रही है. एक तरफ जहां आशंका जताई जा रही है कि अर्थव्यवस्था को हजारों करोड़ों का नुकसान होगा. वहीं कर्नाटक से एक चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है. यहां कर्नाटक सरकार पैसों की तंगी का सामना कर रही है. वहीं अगर राज्य के आबकारी विभाग की बात करें तो इनके पास अपने कर्मचारियों को देने के लिए भी पैसे नहीं बचे हैं. Also Read - इस राज्य में लॉकडाउन 4.0 के बाद एक जून से खुल सकते हैं मंदिर, मस्जिद और गिरजाघर, सरकार बना रही रणनीति

बता दें कि राज्य के आबकारी मंत्री एच. नागेश ने इस बाबत एक बयान जारी कर इस बात की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि आबकारी विभाग की हालत काफी नाजुक है. लोगों को सैलरी देने व कई अन्य खर्चों के लिए विभाग के पास पर्याप्त पैसा नहीं बचा है. बता दें कि लॉकडाउन के कारण राज्य में 25 मार्च से ही शराब की बिक्री को बंद कर दिया गया है. यही नहीं बार, पब इत्यादि जगहों पर भी शराबबंदी की गई है. इस कारण आबकारी विभाग को करोड़ों का नुकसान झेलना पड़ रहा है. Also Read - जानिए कब से मोबाइल, टीवी, फ्रिज जैसे सामानों की होम डिलीवरी शुरू करेंगी फ्लिपकार्ट, अमेजन

इस बाबत आबकारी मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री को इस हालात की जानकारी दे दी गई है. उन्होंने कहा कि मैंने खुद उनसे इस बारे में बात की व 3 मई के कुछ राहत देने को लेकर भी बात की. इस दौरान मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने दुकाने खोलने में रूचि दिखाई है साथ ही उन्होंने कहा कि लोगों को सैलरी देने की जरूरत है व अन्य खर्चों के लिए पैसों की भी जरूरत है. साथ ही हमारा खजाना भी खाली हो गया है. बता दें कि येदियुरप्पा की बात पर आबकारी मंत्री ने कहा कि मुझे लगता है कि राहत दी जाएगी. Also Read - कांग्रेस की 980 बसों को नहीं मिली योगी सरकार की इजाजत, वापस लौटीं