नई दिल्लीः आमतौर पर वरिष्ठ सांसद को लोकसभा का अध्यक्ष बनाए जाने की परंपरा से इतर इस बार भाजपा ने अपने दो बार के सांसद ओम बिड़ला को स्पीकर पद का उम्मीदवार बनाने का एलान किया है. राजस्थान में कोटा-बूंदी संसदीय सीट से जीतने वाले बिड़ला नामित होने पर आसानी से अध्यक्ष बन जाएंगे क्योंकि सदन में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के पास स्पष्ट बहुमत है. अगर आवश्यक हुआ तो इस पद के लिए चुनाव बुधवार को कराया जा सकता है.Also Read - अगले लोकसभा चुनाव को लेकर बोले रामदास अठावले, '2024 में खेला नहीं सत्ता के लिए मोदी का मेला होगा'

वैसे मीडिया रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि विपक्ष लोकसभा स्पीकर पद के लिए उम्मीदवार नहीं उतारेगा. उसने अभी इस पद के लिए किसी उम्मीदवार की घोषणा नहीं की है. हालांकि मंगलवार नामांकन दाखिल करने का आखिरी दिन है. बिड़ला (57) राजस्थान से तीन बार विधायक और दो बार सांसद रहे हैं. अभी तक कयास लगाए जा रहे थे कि पूर्व केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी, राधामोहन सिंह, रमापति राम त्रिपाठी, एसएस अहलुवालिया और डॉ. वीरेंद्र कुमार जैसे दिग्गजों में किसी को 17वीं लोकसभा का अध्यक्ष बनाया जा सकता है. Also Read - New Education Policy: राष्ट्रीय शिक्षा नीति के एक साल पूरा होने के अवसर पर प्रधानमंत्री करेंगे कार्यक्रम को संबोधित

अगर बिड़ला निर्वाचित हो गए तो लोकसभा अध्यक्ष के तौर पर आठ बार सांसद रही सुमित्रा महाजन का स्थान लेंगे. आमतौर पर लोकसभा अध्यक्ष पद के लिए वरिष्ठता क्रम पर विचार किया जाता है लेकिन ऐसे भी मौके रहे हैं जब एक बार और दो बार के निर्वाचित सांसद अध्यक्ष बने हैं. मनोहर जोशी को 2002 में लोकसभा अध्यक्ष चुना गया था और तब वह पहली बार ही सांसद बने थे. उन्होंने दो बार के सांसद जीएमसी बालयोगी का स्थान लिया था जिनकी हेलीकॉप्टर दुर्घटना में मौत हो गई थी. वैसे लोकसभा स्पीकर बनने से पहले मनोहर जोशी महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री रह चुके थे. Also Read - दिलीप घोष बोले- ममता बनर्जी 'भीख' के लिए PM मोदी से मिलना चाहती हैं, TMC ने कहा- जाहिलों जैसी बात न करें