नई दिल्ली/भोपाल. बसपा सुप्रीमो मायावती के मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव में अकेले चुनाव लड़ने और कांग्रेस के कुछ नेताओं पर गठबंधन नहीं होने देने के आरोप के बाद राजनीति सरगर्मी बढ़ गई है. इस बीच मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने भी मायावती के आरोपों का जवाब दिया है. उन्होंने सीधा आरोप लगाया है कि मायावती जरूरत से ज्यादा सीटें मांग रही थीं और उनके प्रयास से बीजेपी को सीधा फायदा होने वाला था.

कमलनाथ ने कहा, साल 2013 में मायावती को 6 फीसदी वोट मिले थे और उनके 4 विधायक जीते थे. ऐसे में 6 फीसदी वोट पर 50 सीटें मांगना हमें वाजिब नहीं लगा. दूसरी तरफ मायावती जिन सीटों पर 2013 में 25 हजार वोट पाई थीं, वह उन सीटों को नहीं मांग रही थीं, बल्कि ऐसी सीटें मांग रही थीं जहां उनका प्रदर्शन ठीक नहीं था. ऐसे में इसका सीधा फायदा बीजेपी को होता. हम बीजेपी को दान में 50 सीटें नहीं दे सकते हैं.

दिग्विजय सिंह पर ये कहा
मायावती द्वारा दिग्विजय सिंह पर लगाए आरोपों पर कमलनाथ ने कहा कि उन्हें इस बारे में मीडिया से ही जानकारी मिली. मायावती को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कुछ बोलना था तो उन्होंने दिग्विजय सिंह पर कुछ भी बोल दिया है. कांग्रेस के नेता और कार्यकर्ता बीएसपी की मांग से राजी नहीं थे. हम अकेले मजबूती से लड़ेंगे और हमें विश्वास है कि जनता परिवर्तन के लिए सरकार बदलने का काम करेगी.

अखिलेश से हुई बात
कमलनाथ ने कहा कि हमारा प्रयास था कि वोटों के विभाजन को रोकने के लिए कांग्रेस और बीएसपी को साथ आना चाहिए. लेकिन मायावती का रुख इससे अलग दिखा. वह जीतने वाली सीटें नहीं, बल्कि हारने वाली सीटें मांग रही थीं. ऐसे में
इसका सीधा फायदा बीजेपी को होने वाला था. दूसरी तरफ कमलनाथ ने कहा कि मध्यप्रदेश में गठबंधन के लिए हमारी अखिलेश यादव से बात हुई है. हो सकता है कि हमारा गठबंधन हो जाए.