भोपाल: मध्य प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने के बाद से खींचतान जारी है. कांग्रेस विधायक राजवर्धन सिंह ‘दत्तीगांव’ खुद को मंत्री नहीं बनाए जाने से नाराज हो गए हैं. उन्होंने कहा कि उनको मंत्री न बनाकर उनके क्षेत्र की जनता का अपमान किया गया. उन्होंने विधायक पद से इस्तीफा देने की चेतावनी भी दे डाली. Also Read - बहु को प्रेग्नेंट नहीं होने दे रहा ससुर, बोला- पहले मेरी सेवा करो

कांग्रेस विधायक राजवर्धन सिंह गुरुवार शाम अपने विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे. इसके बाद बड़ी संख्या में वहां के पंचायत प्रतिनिधियों ने पद से इस्तीफा देने की पेशकश कर डाली. उन्होंने समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा, ‘पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के बेटे जयवर्धन सिंह, पूर्व उप मुख्यमंत्री जमुना देवी के रिश्तेदार उमंग सिंघार, सुभाष यादव के बेटे सचिन यादव को मंत्री बना दिया गया. मेरे पिता साधारण व्यक्ति थे इसलिए मुझे मंत्री नहीं बनाया गया. यह मेरा नहीं क्षेत्र की जनता का अपमान है.’ संबोधन के दौरान राजवर्धन भावुक हो गए और कहा कि उनके खून में दोगलापन नहीं है. पूर्व मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने टिकट दिलाया था, वह इस्तीफा भी सिंधिया को सौंपेगे. Also Read - मध्य प्रदेश उपचुनाव: अब शिवराज सरकार के मंत्री ने कांग्रेस प्रत्याशी की पत्नी को 'रखैल' कहा, वीडियो हुआ वायरल

(इनपुट- आईएएनएस) Also Read - MP ByPolls 2020: धरने पर बैठे शिवराज सिंह चौहान, बोले- महिलाओं का अपमान नहीं करेंगे बर्दाश्त