भोपाल: मध्य प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन ने मुख्यमंत्री कमल नाथ से सरकार को विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण के तुरंत बाद बहुमत साबित करने को कहा है. राज्यपाल टंडन ने देर रात को मुख्यमंत्री कमल नाथ को पत्र लिखकर कहा है कि, राज्य के 22 विधायक अपनी सदस्यता से इस्तीफा दे चुके है, इनमें से छह मंत्रियों को बर्खास्त किए जाने के साथ उनकी सदस्यता भी खत्म की जा चुकी है. इस्तीफा दे चुके सभी विधायक सुरक्षा में विधानसभाध्यक्ष के समक्ष उपस्थित होना चाहते है. राज्यपाल के पत्र में मुख्यमंत्री से कहा गया है, “आप भी बहुमत हासिल करने की सहमति दे चुके है. भाजपा ने भी ज्ञापन दिया है.” Also Read - Coronavirus Effect: भोपाल व जबलपुर में गरीबों को मिलेगा एक माह का नि:शुल्क राशन

राज्यपाल ने लिखा है, “पृथम²ष्टया मुझे विश्वास हो गया है कि आपकी सरकार ने सदन में विश्वास खो दिया है और आपकी सरकार अल्पमत में है. यह स्थिति अत्यंत गंभीर है, इसलिए संवैधानिक रूप से अनिवार्य एवं प्रजातांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए आवश्यक हो गया है कि दिनांक 16 मार्च को मेरे अभिभाषण के बाद विश्वासमत परीक्षण करें.” बता दें कि हाल ही में मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमल नाथ ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर बेंगलुरू में बंधक बनाए गए 22 विधायकों को मुक्त कराने का अनुरोध किया है, साथ ही विधायकों को समुचित सुरक्षा दिलाने का भरोसा दिलाया है.

मुख्यमंत्री कमल नाथ ने केंद्रीय गृहमंत्री शाह को शनिवार की शाम पत्र लिखा है. इसमें तीन मार्च से अब तक के सियासी घटनाक्रम का ब्यौरा दिया गया है. उन्होंने कहा है कि पहले कांग्रेस के तीन, बसपा व निर्दलीय विधायक को गुरुग्राम ले जाया गया, इन विधायकों को भाजपा नेता ले गए थे, उसके बाद 19 विधायकों को तीन चार्टर्ड विमान से बेंगलुरू ले जाया गया. विमानों की व्यवस्था भाजपा द्वारा की गई थी.