नई दिल्लीः महाराष्ट्र की राजनीति में अब एक बार फिर से राज ठाकरे एक्टिव हो गए हैं और जब से उद्धव ठाकरे ने धुर विरोधी पार्टियों के साथ मिलकर राज्य में सत्ता बनाई है तब से कट्टर हिंदू वादी मानस उनके विरोध में दिख रहा है. हिंदुत्व की भावना को एक नया आयाम देने के लिए राज ठाकरे मुंबई में महा रैली निकाली. राज ठाकरे ने यह रैली बांग्लादेश और पाकिस्तान से आए मुस्लिम घुसपैठियों के विरोध में निकाली.

राज ठाकरे कि इस रैली में आज हजारों कार्यकर्ता जुटे. पार्टी का नया झंडा बनने के बाद महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना की यह राज्य में पहली रैली थी. राज ठाकरे की इस महारैली को उद्धव ठाकरे के सामने हिंदुत्व की भावना को लेकर चुनौती के रूप में देखा जा रहा है. जब से शिवसेना ने विरोधी पार्टियों के साथ राज्य में सरकार बनाई है तब से ही उसकी हिदुत्व छवि को लेकर कई बार सवाल उठ चुके हैं.

मुंबई में महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के रविवार को आयोजित होने वाले जुलूस के मार्ग पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया. महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना की यह रैली मुंबई के आजाद मैदान से शुरू हुई. अध्यक्ष राज ठाकरे (Raj Thackeray) अपने बेटे अमित ठाकरे (Amit Thackeray) के साथ मिलकर इस कानून के समर्थन में मार्च में शामिल हुए. राज ठाकरे की पार्टी ने अवैध रूप से देश में घुसे पाकिस्तानी और बांग्लादेशी मुस्लिमों को बाहर निकालने की मांग को लेकर जुलूस का आयोजन किया है.