Manipur Assembly Election 2022: कांग्रेस की मणिपुर इकाई के उपाध्यक्ष केएच रतनकुमार सिंह (KH Ratankumar Singh) ने विधानसभा चुनाव से पहले रविवार को पार्टी पद से इस्तीफा दे दिया. पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने यह जानकारी दी. नेता ने बताया कि इस्तीफा पत्र के अनुसार, उन्होंने पद छोड़ दिया, लेकिन पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा नहीं दिया है. कांग्रेस की राज्य इकाई के एक अन्य उपाध्यक्ष चल्टोनलियन एमो नौ जनवरी को सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हो गये थे. पूर्व शिक्षा मंत्री सिंह ने 2017 में मायांग इंफाल निर्वाचन क्षेत्र से विधानसभा चुनाव लड़ा था लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था.Also Read - Uttar Pradesh Vidhan Sabha: आठ बार के विधायक सतीश महाना का विधानसभा अध्यक्ष बनना तय

पिछले चुनाव में 60 सदस्यीय विधानसभा के लिए चुने गए पार्टी के 28 नेताओं में से 16 ने पार्टी छोड़ दी है. राज्य में दो चरणों में विधानसभा चुनाव 27 फरवरी और तीन मार्च को होगा. Also Read - Punjab Cabinet Ministers List 2022: ये हैं पंजाब के नए मंत्री, मंत्रालयों और जिम्मेदारियों के बारे में यहां जानें

छाये रहेंगे बेरोजगारी और विकास के मुद्दे

मणिपुर विधानसभा चुनावों में कांग्रेस सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाले गठबंधन से सत्ता वापस लेने की पुरजोर कोशिश में लगी है. हाल में उग्रवादी हमलों के बाद होने वाले राज्य विधानसभा चुनाव में बेरोजगारी और विकास के मुद्दों पर ध्यान केंद्रित रहेगा. कानून और व्यवस्था के अलावा, सशस्त्र बल विशेष अधिकार अधिनियम (AFSPA) को रद्द करने की लंबे समय से जारी मांग, राज्य में आर्थिक संकट, जिसमें शायद ही कोई उद्योग है, दोनों मुख्य दलों के बीच चुनावी मुकाबले के एजेंडे में शीर्ष पर रहने की उम्मीद है. Also Read - Uttarakhand Cabinet Ministers List 2022: ये हैं उत्तराखंड के नए मंत्री, पुष्कर सिंह धामी सहित सभी ने आज PM Modi की मौजूदगी में ली शपथ

नेशनल पीपुल्स पार्टी (NPP) और नगा पीपुल्स फ्रंट (NPF) जैसे छोटे स्थानीय दल अपनी-अपनी मांगों को लेकर आगे बढ़ रहे हैं. BJP जो दो स्थानीय दलों -NPP और NPF के साथ हाथ मिलाकर सिर्फ 21 सीटों के बावजूद 2017 में सरकार बनाने में कामयाब रही थी. कांग्रेस को 28 सीटें मिली थीं.