नई दिल्ली: दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने सोमवार को कहा कि सरकार कूड़ा जलाने समेत प्रदूषण रोधी नियमों के उल्लंघन को रोकने के लिए जल्द ही पर्यावरण मार्शल तैनात करेगी. राय ने कहा कि निर्माण कार्य शुरू करने वाले आम लोग, निजी और सरकारी एजेंसियों को धूल प्रदूषण को रोकने के लिए पर्याप्त उपाय करने होंगे नहीं तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. मंत्री ने कहा कि सरकार ने शहर के सभी 13 प्रदूषण हॉटस्पॉट (जहां सबसे ज्यादा प्रदूषण होता है) की “सूक्ष्म निगरानी“ शुरू कर दी है और नियमों के उल्लंघन को रोकने के लिए जल्द ही पर्यावरण मार्शल तैनात किए जाएंगे. Also Read - सीएम केजरीवाल की 'रेड लाइट ऑन, गाड़ी ऑफ' अनूठी मुहिम शुरू, राघव चड्डा लोगों के बीच पहुंचे

राय ने कहा कि सभी निर्माण एवं विध्वंस स्थल भले ही उनका आकार जो भी हो, उन्हें अनिवार्य रूप से पांच उपाय करने होंगे, जिनमें क्षेत्र को 10 मीटर ऊंचे टीन शेड और निर्माण सामग्री और तोड़फोड़ में निकले मलबे को “ग्रीन शेड नेट “ से ढकना, निर्माण सामग्री ले जा रही गाड़ी को कवर करना तथा पानी का छिड़काव करना शामिल है. Also Read - गुरुग्राम में प्रदूषण के नियमों का उल्लंघन करने पर 29 लोगों पर कार्रवाई, एक दिन 7.25 लाख रुपये जुर्माना लगा

मंत्री ने कहा कि सरकार धूल नियंत्रण नियमों को तोड़ने वाले 20,000 वर्ग मीटर से ज्यादा के निर्माण एवं विध्वंस स्थलों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है. राय ने कहा, ” मैंने निरीक्षण के दौरान पाया है कि छोटे स्थल भी धूल नियंत्रण नियमों का खुल्लम खुल्ला उल्लंघन कर रहे हैं.” यहां विकास सदन के पास निर्माण स्थल पर धूल नियंत्रण उपाय नहीं करने पर राय ने रविवार को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) पर 50 लाख रुपये का जुर्माना लगाने का आदेश दिया था. Also Read - Model Town Hit and Run: रात में चुपके से अंकल की होंडा सिटी लेकर निकला नाबालिग, चार को रौंदकर हुआ फरार, गिरफ्तार

राय ने कहा कि सरकार ने सोमवार को दिल्ली के 13 प्रदूषण हॉटस्पॉट की “सूक्ष्म निगरानी“ शुरू कर दी है. ये हॉटस्पॉट रोहिणी, द्वारका, ओखला फेज -2, पंजाबी बाग, आनंद विहार, विवेक विहार, वजीरपुर, जहांगीरपुरी, आर के पुरम, बवाना, मुंडका, नरेला और मायापुरी हैं. मंत्री ने बताया कि हॉटस्पॉट पर नजर रखने के लिए नगर निगमों के नौ उपायुक्तों को नोडल अधिकारी के तौर पर नियुक्त किया गया है.