श्रीनगर. कश्मीर में शहीद जवान औरंगजेब के पिता मोहम्मद हनीफ से मिलने सेना के अफसर उसके घर पहुंचे. इस दौरान हनीफ का दर्द एक बार फिर सामने आ गया. लेकिन उन्होंने बेटे और कश्मीर का बदला लेने की बात की. उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ नेता सत्ता के लिए जवानों को मरवा रहे हैं. उन्होंने कहा कि कश्मीर को कोई नहीं खा रहा है, यह इंसान को खा रही है. बता दें कि शनिवार की दोपहर ही पुंछ के सलानी गांव में शहीद औरंगजबे का सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा.

मोहम्मद हनीफ ने कहा, मेरा एक बेटा शहीद हो गया, लेकिन बड़ा बेटा अभी फौज में है. हम सब कुर्बान हो जाएंगे. उन्होंने आरोप लगाया कि कश्मीर के हालात बहुत खराब हैं. दुख इस बात की है कि डिफेंस कश्मीर को हाथ में लेती है तो सरकार हाथ पीछे कर लेती है. उन्होंने कहा कि हमें पाकिस्तान और उन आतंकियों से बदला चाहिए. मुझे औरंगजेब के खोने का ही सिर्फ दर्द नहीं है, बल्कि पूरे कश्मीर का है.

72 घंटे की दी है मोहलत
बता दें कि इससे पहले शुक्रवार को हनीफ ने कहा था कि पूरा घर ईद की तैयारी में लगा था. इसी बीच बेटे के अपहरण और फिर शहीद होने की खबर आई. उन्होंने कहा, मैं भी सिपाही हूं. 72 घंटे की मोहलत देता हूं, वरना खुद बदला लूंगा. उन्होंने कश्मीर के नेताओं पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा, श्रीनगर में बैठे नेता चाहें वो किसी भी पार्टी के हों, वे लोगों को मरवा रहे हैं. इन नेताओं को कश्मीर से बाहर निकाला जाना चाहिए. शहीद राइफलमैन औरंगजेब के पिता ने कहा, सोचा था बेटे और पूरे परिवार के साथ ईद मनाऊंगा. लेकिन जालिमों ने ऐसा होने नहीं दिया. उन्होंने कहा, साल 2003 से अब तक आंतक का सफाया क्यों नहीं हुआ. बुरा करने वाले भी तो मुसलमान ही हैं. जो बुरा करता है उसके साथ बुरा होता है. औरंगजेब का शहीद होना मेरा ही नुकसान नहीं है. ये पूरे कश्मीर का नुकसान है.

ईद की छुट्टी पर जा रहे थे घर
कश्मीर के शोपियां से गुरुवार सुबह ईद की छुट्टी पर घर जा रहे राइफलमैन औरंगजेब को पहले अगवा किया गया और बाद में आतंकियों ने हत्या कर दी. औरंगजेब का शव पुलवामा के गुसू इलाके से बरामद हुआ. उन्हें सुबह 9 बजे अगवा किया गया था. उनके शरीर पर गोलियों के कई निशान मिले हैं. औरंगजेब आतंकी समीर टाइगर को मारने वाली टीम में शामिल थे. उनकी हत्या सेना के लिए बड़ा झटका है जिसने ऑपरेशन ऑल आउट में अधिकतर टॉप आतंकियों को ढेर कर दिया है.

इस तरह वारदा को अंजाम दिया
ईद से ठीक दो दिन पहले जम्मू कश्मीर के लिए गुरुवार का दिन बेहद अशुभ रहा. शाम को आतंकियों ने श्रीनगर की प्रेस कॉलोनी में राइजिंग कश्मीर के एडिटर शुजात बुखारी की भी गोली मारकर हत्या कर दी. वह इफ्तार पार्टी के लिए कहीं रवाना हो रहे थे तभी हमलावरों ने उनकी गाड़ी घेरकर गोलियों की बौछार कर दी. हमले में उनके दो पीएसओ भी मारे गए. जब लोग इस सदमे में डूबे हुए थे तभी औरंगजेब की खबर आई कि उनका शव पुलवामा में बरामद हुआ है. इस तरह एक दिन में दो बड़े झटके लगे वो भी तब जब एक दिन बाद शुक्रवार को ईद मनाई जाएगी.

समीर टाइगर को मारने वाली टीम में थे
बता दें कि इसी साल अप्रैल महीने में आतंकी समीर टाइगर को सेना ने मार गिराया था. जम्मू कश्मीर के पुलवामा में सुरक्षाबलों और पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन में उसे ढेर किया था. हिज्बुल मुजाहिद्दीन कमांडर समीर टाइगर सेना की हिटलिस्ट में लंबे समय से था. मुठभेड़ में उसका एक साथी भी ढेर हुआ था.