नई दिल्ली: राजस्थान सरकार को गिराने की कथित साजिश से जुड़े दो ऑडियो क्लिप सामने आने के बाद लगे फोन टैपिंग के आरोपों के संबंध में केंद्र सरकार ने शनिवार को राज्य के मुख्य सचिव से रिपोर्ट मांगी. एमएचए को अब इस रिपोर्ट के आने का इंतजार है. अब देखना होगा कि ऑडियो मामले में केंद्रीय गृह मंत्रालय इस रिपोर्ट के आधार पर क्‍या अगला कदम उठा सकता है. Also Read - भाजपा सरकार की न तो नीतियां सही हैं, नीयत, योगी राज में विकास का पहिया थम गया है : अखिलेश

बता दें कि ऑडियो इस मामले में राजस्‍थान की एसीबी जहां ऑडियो की जांच के लिए एसएफएल लैब की जांच रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों की आवाज के सेम्‍पल लेने की तैयारी में है, वहीं, आरोपियों ने आवाज के नमूने देने से इनकार कर दिया है. Also Read - एकनाथ खडसे ने भाजपा छोड़ कहा- देवेंद्र फडणवीस ने मेरा जीवन बर्बाद किया, NCP में शामिल होऊंगा

एक अधिकारी ने बताया कि गृह मंत्रालय की ओर से भेजे गए पत्र में राजस्थान के मुख्य सचिव से फोन टैपिंग के आरोपों के बारे में रिपोर्ट भेजने को कहा गया है. उन्होंने बताया कि दो ऑडियो क्लिप सामने आने के बाद मुख्य सचिव से घटनाक्रम की जानकारी मांगी गई है. Also Read - वादा तेरा वादा.....बिहार चुनाव में लगी वादों की झड़ी, किस पार्टी ने जनता से क्या की है प्रॉमिस, जानिए

राजस्थान पुलिस के भ्रष्टाचार निरोधी ब्यूरो (एसीबी) ने दोनो ऑडियो क्लिप के मामले में भ्रष्टाचार निरोधी कानून के तहत मामला दर्ज किया है. इन दोनों टेप में कथित रूप से गहलोत सरकार को गिराने के लिए किए गए षड्यंत्र से जुड़ी बातचीत रिकॉर्ड है. भाजपा ने इन टेपों की जांच सीबीआई से कराने की मांग करते हुए आरोप लगाया कि राजस्थान सरकार लोगों के फोन टैप करवा रही है.

राजस्थान एसीबी के महानिदेशक आलोक त्रिपाठी ने कहा कि एजेंसी ने कांग्रेस के मुख्य सचेतक महेश जोशी की शिकायत के आधार पर प्राथमिकी दर्ज की है. प्राथमिकी में बागी विधायक भंवरलाल शर्मा की गजेन्द्र सिंह और एक अन्य व्यक्ति संजय जैन के साथ बातचीत का विस्तृत ब्योरा है. कांग्रेस का दावा है कि ऑडियो टेप में जिस गजेन्द्र सिंह का नाम आ रहा है, वह केंद्रीय मंत्री गजेन्द्र सिंह ही हैं.