नई दिल्ली: केन्द्र सरकार ने कोरोना वायरस संक्रमण (Corona Virus Infection) के बढ़ते मामलों के मद्देनजर स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सभी राज्यों से बड़ी संख्या में लोगों को एकत्रित नहीं होने देने, शारीरिक दूरी के नियम का पालन करने और स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रमों का वेबकास्ट सुनिश्चित करने को कहा है. गृह मंत्रालय (Ministry of Home Affairs) ने एक परामर्श जारी कर कहा है कि स्वतंत्रता दिवस समारोह (Independence Day celebration) में चिकित्सकों, स्वास्थ्य एवं सफाई कर्मचारियों जैसे कोरोना योद्धाओं को महामारी के खिलाफ लड़ाई में उनकी उत्कृष्ट सेवाओं को ध्यान में रखते हुए आमंत्रित किया जाना चाहिए. Also Read - Red Fort Violence Case: UK में बसे डच नागरिक मनिंदरजीत सिंह और आरोपी खेमप्रीत सिंह अरेस्‍ट

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इसमें कहा गया है कि संक्रमण से उबर चुके लोगों को भी इसमें आमंत्रित किया जाना चाहिए. परामर्श में कहा गया है, ‘‘ इसलिए सभी कार्यक्रम इस प्रकार से आयोजित किए जाने चाहिए कि बड़ी संख्या में लोगों का जमावड़ा नहीं लगे और आयोजन के लिए प्रौद्योगिकी का सर्वश्रेष्ठ तरीके से इस्तेमाल किया जाए.’’ Also Read - Republic Day Violence: अदालत ने Deep Sidhu को सात दिन की पुलिस हिरासत में भेजा

इसमें कहा गया है कि कार्यक्रमों को वेबकास्ट किया जाए ताकि बड़ी संख्या में उन लोगों तक ये पहुंचे जो इनमें हिस्सा नहीं ले पाएंगे. मंत्रालय ने कहा कि यह उचित होगा कि स्वतंत्रता दिवस समारोहों के दौरान विभिन्न गतिविधियों और कार्यक्रमों के संदेशों के जरिए तथा सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा घोषित ‘आत्मनिर्भर भारत’ विषय का ठीक ढंग से प्रचार- प्रसार हो.

इसने कहा कि हर साल स्वतंत्रता दिवस भव्यता, हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ मनाया जाता है. इस साल भी स्वतंत्रता दिवस को अवसर के अनुकूल लगने वाले तरीके से मनाया जाएगा. शुक्रवार को, भारत में कोविड-19 मामलों की संख्या 12,87,945 पर पहुंच गई और मृतक संख्या बढ़कर 30,601 हो गई. देश में कोरोना वायरस से अब भी 4,40,135 लोग संक्रमित हैं जिनका इलाज चल रहा है.

अपने परामर्श में, गृह मंत्रालय ने कहा कि वैश्विक महामारी के बीच स्वतंत्रता दिवस समारोहों के लिए विभिन्न कार्यक्रमों या गतिविधियों का आयोजन करते वक्त कुछ एहतियाती कदमों का पालन करना अनिवार्य है. इसने कहा कि इन कदमों में शारीरिक दूरी बरकरार रखना, मास्क पहनना, साफ-सफाई की उचित व्यवस्था, अधिक भीड़-भाड़ से बचना, संवेदनशील लोगों को सुरक्षित रखना और स्वास्थ्य एवं गृह मंत्रालयों द्वारा कोविड-19 के संबंध में जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना शामिल है.

दिल्ली के लाल किले में होने वाले कार्यक्रम में दिल्ली पुलिस और सशस्त्र बलों की तरफ से प्रधानमंत्री को सलामी गारद देना, राष्ट्रीय ध्वज फहराना और 21 बंदूकों की सलामी, प्रधानमंत्री का भाषण, भाषण के तुरंत बाद राष्ट्रगान गाना और अंत में तिरंगे गुब्बारे आसमान में छोड़े जाना शामिल होगा.

‘एट होम’ स्वागत समारोह का आयोजन राष्ट्रपति भवन में होगा. गृह मंत्रालय ने कहा कि राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों में विभिन्न स्तर पर स्वतंत्रता दिवस समारोहों के लिए निश्चित दिशा-निर्देश तय किए गए हैं. राज्य स्तर पर, राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों की राजधानियों में सुबह नौ बजे के बाद कार्यक्रम होगा जिसमें मुख्यमंत्री द्वारा राष्ट्रीय ध्वज फहराना, राष्ट्रगान बजाना, पुलिस द्वारा सलामी गारद की प्रस्तुति, मुख्यमंत्री का भाषण और राष्ट्रगान गाना शामिल होगा.

राज्य स्तर पर जिस तरह के समारोह का उल्लेख किया गया है, वैसा ही आयोजन जिला, उपमंडल या प्रखंड स्तर और पंचायत मुख्यालयों या बड़े गांवों में किया जाएगा. जिला स्तर पर राष्ट्रीय ध्वज राज्य के मुख्यमंत्री या जिलाधिकारी, उपमंडल स्तर पर उपमंडलीय मजिस्ट्रेट और पंचायत स्तर पर सरपंच या गांव के मुखिया फहरा सकते हैं. राज्यपालों या उपराज्यपालों द्वारा ‘एट होम’ स्वागत समारोह के संबंध में, मामला राज्यपालों और उपराज्यपालों के विवेकाधीन होगा.

परामर्श में कहा गया कि स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े ऐतिहासिक महत्व वाले स्थानों पर पुलिस एवं सैन्य बैंडों की प्रस्तुति रिकॉर्ड की जा सकती है और जन समारोहों के दौरान बड़े पर्दों एवं डिजिटल मीडिया के माध्यम से तथा सोशल मीडिया पर इन रिकॉर्ड किए गए कार्यक्रमों को दिखाया जा सकता है.