नई दिल्ली. सीबीआई डायरेक्टर आलोक वर्मा को हटाए जाने के लगभग एक महीने बाद गृहमंत्रालय अब नए स्थायी सीबीआई डायरेक्टर की तलाश शुरू कर दिया है. अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, इसके लिए मंत्रालय ने वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों की एक लिस्ट बनाई है, जिसमें साल 1983, 1984 और 1985 बैच के अफसर हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, इन्हीं अफसरों में से किसी एक को डायरेक्टर बनाया जा सकता है. Also Read - साइबर धोखाधड़ी में नेशनल हेल्पलाइन 155260 से तुरंत मिलेगी मदद, MHA ने रिपोर्टिंग प्लेटफॉर्म की शुरुआत की

रिपोर्ट के मुताबिक, प्रारंभिक लिस्ट में 34 नाम थे. लेकिन, पिछले पखवाड़े एक मिटिंग के बाद इसमें से 17 नाम को काट दिया गया. इसके बाद 17 लोगों की लिस्ट डिपार्टमेंटर ऑफ परसनल ट्रेनिंग (DoPT) को भेज दिया गया है. इसमें अब उनकी वरिष्ठता, ईमानदारी और एंटी करप्शन केस में उनके अनुभवों को देखते हुए निर्णय लिया जाएगा. Also Read - TMC में जाते ही Mukul Roy का गृह मंत्रालय को पत्र, बोले- अपना सिक्योरिटी कवर हटा लो

इनका रिकमेंडेशन जरूरी
बता दें कि सीबीआई डायरेक्टर का अंतिम चयन सर्च कमेटी के रिकमेंडेशन पर ही होता है, जिसके हेड प्राइम मिनिस्टर होते हैं. इसके साथ ही इसमें मुख्य न्यायाधीश और विपक्ष का नेता भी शामिल होता है. बता दें के आलोक वर्मा और राकेश अस्थाना को इस साल अक्टूबर में विवादों के बीच छुट्टी पर भेज दिया गया था. हालां, आलोक वर्मा का कार्यकाल अगले साल 1 फरवरी को खत्म हो रहा है. Also Read - नए CBI निदेशक पद की दौड़ में शामिल यूपी DGP, SSB महानिदेशक और गृह मंत्रालय के विशेष सचिव, किसका पलड़ा भारी?

ये है मामला
सीबीआई निदेशक आलोक कुमार वर्मा और विशेष निदेशक राकेश अस्थाना के बीच छिड़ी जंग का मामला पूरे देश में सुर्खियों में रहा. इसके बाद दोनों अधिकारियों को छुट्टी पर भेज दिया गया था. आलोक वर्मा ने सरकार की इस कार्रवाई को चुनौती दी. इस पर शीर्ष अदालत ने केन्द्रीय सतर्कता आयोग को सारे आरोपों की 10 दिन के भीतर जांच कर रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया. आयोग की इस जांच की निगरानी के लिये न्यायालय ने शीर्ष अदालत के ही सेवानिवृत्त न्यायाधीश ए के पटनायक को नियुक्त किया था.