वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल के दाम बढ़ने के कारण पेट्रोल और डीजल की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं. राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और अन्य महानगरों में इनकी कीमतें नई ऊंचाई पर पहुंच गई हैं. बुधवार को दिल्ली में जहां पेट्रोल 72.43 रुपये लिटर बिका तो वहीं, मुंबई में एक लीटर पेट्रोल की कीमत 80.30 रुपये प्रति लीटर पहुंच चुकी है. डीजल के दाम भी लगातार बढ़ रहे हैं. दिल्ली में एक लीटर डीजल 63.38 रुपये में मिल रहा हैं तो वहीं, मुंबई में 67.50 रुपये का. Also Read - Bharat Bandh Today News Updates: किसान यूनियनों, Traders का GST, Fuel Price Hike, E-Way Bill के विरोध में आज बंद

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How is petrol and diesel price determined | ऐसे होती है पेट्रोल और डीजल की कीमत तय

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पेट्रोल के बढ़ते दामो की वजह से आम आदमी की जेब पर काफी ज्यादा असर पड़ रहा है. मगर तेल की लगातार बढती कीमत को कम करने के लिए केंद्र सरकार आने वाले दिनों में कुछ कदम उठा सकती है. आइये जानते है उन्ही के बारे में.

एक्साइज ड्यूटी में कटौती:

1 फरवरी को देश का बजट पेश होना है. वित्त मंत्री, पेट्रोल और डीजल की बढ़ते दामों को देखते हुए बजट में एक्साइज ड्यूटी घटा सकते हैं. ऐसा करने से पेट्रोल और डीजल की कीमत दो रुपये से कम हो जाएगी.

पेट्रोल और डीजल भी जीएसटी के तहत:

पेट्रोल और डीजल को जीएसटी के तहत लाने का प्रयास जारी है. वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कुछ दिनों पहले कहा था कि जीएसटी परिषद की अगली बैठक में इस पर फैसला हो सकता है. जीएसटी के तहत आने के बाद आपको पेट्रोल और डीजल के दामों में भरी कटौती होगी.

राज्य सरकार द्वारा वैट में कटौती:

केन्द्रीय पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान लगातार राज्य सरकारों से अपील कर रहे हैं कि वह पेट्रोल और डीजल पर लगने वाले वैट में कटौती करें. गुजरात, महाराष्ट्र समेत कई राज्य वैट घटा चुके हैं. फिर एक बार राज्य सरकार वैट में कटौती करती है तो इससे तेल की बढ़ती कीमतों से राहत मिल सकती है.