नई दिल्ली: कांग्रेस ने राफेल विमान सौदे से जुड़े ‘नए खुलासों’ को लेकर बुधवार को पीएम नरेंद्र मोदी पर फिर निशाना साधा और कहा कि अब मोदी को चुप्पी तोड़ देश को यह बताना चाहिए कि क्या वह देश के प्रधानमंत्री हैं या अनिल अंबानी के चौकीदार हैं. Also Read - चीन से तनाव पर कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद का बयान- 'नरेंद्र मोदी के भारत को कोई आंख नहीं दिखा सकता'

कांग्रेस ने फ्रांस की श्रमिक संगठनों सीजीटी और सीबीडीटी की दसाल्ट कंपनी के सीओओ लुइक सेगलेन के साथ बैठक के ब्यौरे का हवाला देते हुए कहा कि इससे फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद के उस बयान की पुष्टि हुई है कि मोदी सरकार ने ऑफसेट साझेदार के तौर पर अनिल अंबानी की कंपनी का नाम सुझाया था और ऐसे में उनके पास कोई विकल्प नहीं था. Also Read - लॉकडाउन को फेल बताने पर राहुल गांधी पर बीजेपी का पलटवार: झूठ नहीं फैलाएं, दुनिया के आंकड़े देखें

कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने मीडियाकर्मियों से कहा, ”दोनों श्रमिक संगठनों की दसाल्ट के सीओओ के साथ बैठक का जो ब्यौरा सामने आया है उससे ओलांद के उस बयान के पुष्टि हुई है कि उनके पास ऑफसेट साझेदार के तौर पर रिलायंस डिफेंस के अलावा कोई विकल्प नहीं था.”

कांग्रेस के चीफ स्‍पोकपर्सन सुरजेवाला ने कहा, ”प्रधानमंत्री इन नए खुलासों के बाद चुप्पी साधे नहीं रह सकते और उन्हें अब जवाब देना होगा. उन्हें बताना होगा कि क्या वह देश के प्रधानमंत्री हैं या अनिल अंबानी के चौकीदार हैं?”

सुरजेवाला ने दावा किया कि मोदी सरकार राफेल घोटाले को लेकर जितना अपना बचाव करने की कोशिश कर रही है, उतना ही फंसती जा रही है.