नयी दिल्ली: भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने रविवार को कहा कि करीब एक महीने की देरी के बाद 10 अक्टूबर से मानसून के लौटने की उम्मीद है. मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक मानसून की वापसी में यह अब तक का सबसे अधिक विलंब है.

देश में मानसूनी बारिश और बाढ़ से करीब 1,900 लोगों ने गवाई जान, इस राज्य में हुईं सबसे ज्यादा मौतें

इस साल मानसून ‘सामान्य से अधिक’ रहा है और आईएमडी ने वर्षा का दीर्घ कालिक औसत (एलपीए) 110 फीसद दर्ज किया है. एलपीए 1961 से 2010 के बीच 88 सेंटीमीटर था. मौसम विभाग ने एक पूर्वानुमान में कहा कि राजस्थान में औसत समुद्र तल से करीब डेढ़ किलोमीटर उपर छह अक्टूबर के आसपास हवा के उच्च दबाव का क्षेत्र बनने के कारण उत्तर पश्चिमी भारत से 10 अक्तूबर के करीब दक्षिणपश्चिम मानसून की वापसी शुरू होने की उम्मीद है.

इस सप्ताह दक्षिण व पूर्वोत्तर में मानसून रहेगा मेहरबान, इन इलाकों में भारी बारिश की चेतावनी

एक सितंबर तक हो जाती थी मानसून की वापसी
स्काइमेट वेदर के उपाध्यक्ष (मौसव एवं जलवायु परिवर्तन) महेश पलावत ने कहा कि सात अक्टूबर के बाद उत्तरपश्चिम भारत में बारिश के रुकने की उम्मीद है और मानसून की वापसी की स्थिति बनेंगी. आम तौर पर मानसून की वापसी राजस्थान से एक सितंबर तक शुरू हो जाती है. (इनपुट एजेंसी)