CoronaVirus In Delhi: पूरे देशभर में सितंबर के मुकाबले अक्टूबर में कोरोना वायरस के मामलों में कमी आती दिख रही है. लेकिन दिल्ली में कोरोनावायरस के संक्रमण के तीसरे लहर के होने की आशंका है. दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने इस सवाल पर गुरुवार को कहा कि ‘मेरे ख्याल से अभी एक हफ्ता इंतजार कीजिए उसके बाद ट्रेंड बता सकेंगे. अभी थोड़ा जल्दी होगा इसको तीसरा वेव कहना ‘लेकिन ये हो भी सकता है’. Also Read - Covid-19 के बढ़ते मामले पर सुप्रीम कोर्ट नाराज, केंद्र सरकार को चेताया-सिर्फ गाइडलाइन से क्या होगा

बता दें कि दिल्ली में कोरोनावायरस संक्रमण के रिकॉर्ड मामले सामने आए हैं, जिसपर जैन ने कहा कि दिल्ली सरकार तेजी से कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग कर रही है, जिसके चलते नंबर ज्यादा लग रहे हैं. उन्होंने कहा, ‘त्योहारों का सीजन है और थोड़ी सर्दी भी है और एक हमने स्ट्रैटेजी बदली है कि जो भी व्यक्ति पॉजिटिव आता है उसके पूरे परिवार को और उसके करीबी कांटेक्ट को टेस्ट कर रहे हैं और एक बार नहीं बल्कि हम दो दो बार भी कर रहे हैं . Also Read - Covid-19 Cases In India: तो क्या फिर से लग सकता है लॉकडाउन, 10 प्वाइंट्स में जानिए क्या हैं नए दिशा निर्देश

उन्होंने बताया कि चार से पांच दिन के अंदर दोबारा भी टेस्ट कर रहे हैं. हमारा आईडिया यह है कि एक भी केस बचे ना. तो इसकी वजह से हो सकता है आपको नंबर थोड़े ज्यादा लग रहे हों. उन्होंने कहा कि ‘लेकिन संक्रमण की चेन को खत्म और काबू में लाने के लिए यह सबसे अच्छी स्ट्रेटजी है और मुझे लगता है कि इसके नतीजे जल्दी आएंगे.’ Also Read - Corona Virus New Guidelines: अब सख्ती से निपटेगी सरकार, 1 से 31 दिसंबर तक के लिए नई गाइडलाइन जारी

उन्होंने बताया कि ‘हमने कांटेक्ट ट्रेसिंग को और मजबूत किया है और कांटेक्ट ट्रेसिंग के साथ ट्रेसिंग भी मजबूत की है. पहले सबके टेस्ट किए जाते थे लेकिन अब हमने इसको बहुत ज्यादा विशेष कैटेगराइज़ कर दिया है. कोई एक व्यक्ति पॉजिटिव मिलता है तो उसके जितने भी कांटेक्ट हैं उनकी भी टेस्टिंग की जा रही है.

उसमें यह होता है कि पूरे परिवार की टेस्टिंग करते हैं तो पूरा परिवार भी पॉजिटिव निकल आता है. पहले हम इंतजार करते थे कि परिवार में कुछ लक्षण आदि नजर आए तो टेस्ट करें लेकिन अब हम सबके टेस्ट कर रहे हैं. परिवार के भी और करीबी कांटेक्ट के भी.’

बता दें कि कोरोना काल में बुधवार को यह पहला मौका था जब दिल्ली में एक ही दिन में 5 हज़ार से ज़्यादा केस आए हैं, वहीं एक दिन में 40 लोगों की मौत हो चुकी है. ये आंकड़ा डराने वाला है.