भोपालः कांग्रेस में चल रहे सियासी घमासान के बीच राज्य के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने राज्यपाल लालजी टंडन से आज सुबह मुलाकात की. राज्यपाल गुरुवार की देर रात में ही भोपाल लौटे थे. माना जा रहा है कि इस मुलाकात के दौरान कमलनाथ ने अपने छह मंत्रियों को बर्खास्त करने के साथ अन्य मसलों पर चर्चा की. Also Read - कांग्रेस ने सामूहिक पलायन पर सरकार से पूछे सवाल, कहा- गरीबों की जिंदगी मायने रखती है या नहीं

राज्य में बीते एक सप्ताह से सियासी खींचतान मची हुई है. कांग्रेस के 22 विधायकों ने अपनी विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है. इनमें से 19 विधायक बेंगलुरू में है. वहीं मुख्यमंत्री कमलनाथ ने बेंगलुरू गए छह मंत्रियों को बर्खास्त करने की राज्यपाल से सिफारिश की है. राज्यपाल आठ मार्च को होली की छुट्टी पर लखनऊ गए हुए थे और गुरुवार की देर रात को ही लौटे हैं. मुख्यमंत्री कमलनाथ शुक्रवार को 11 बजे राज्यपाल से मुलाकात की. कहा जा रहा है कि 16 मार्च से शुरू हो रहे बजट सत्र में राज्यपाल के अभिभाषण के मुद्दे के अलावा राजनीतिक परिदृश्य पर भी सीएम ने उनके साथ चर्चा की. Also Read - केजरीवाल ने लोगों को गीता पाठ करने की दी सलाह, कहा- गीता के 18 अध्याय की तरह लॉकडाउन के बचे हैं 18 दिन 

भाजपा लगातार वर्तमान सरकार को अल्पमत की सरकार बता रही है. पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वर्तमान हालात के बीच राज्यपाल के अभिभाषण पर सवाल उठाए हैं, साथ ही कहा है कि ‘यह सच्चाई है कि, इस सरकार ने बहुमत खो दिया है, अब ऐसी सरकार कैसे राज्यपाल का अभिभाषण करा सकती है और सत्र बुला सकती है.’ Also Read - यूपी: रायबरेली में सोनिया गांधी के 'लापता' होने के लगे पोस्टर, संसदीय क्षेत्र से बाहर होने पर उठे सवाल

ज्ञात हो कि, राज्य सरकार के मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, प्रद्युम्न सिंह तोमर, इमरती देवी, तुलसी सिलावट, प्रभुराम चौधरी, महेंद्र सिंह सिसौदिया के अलावा विधायक हरदीप सिंह डंग, जसपाल सिंह जज्जी, राजवर्धन सिंह, ओपीएस भदौरिया, मुन्ना लाल गोयल, रघुराज सिंह कंसाना, कमलेश जाटव, बृजेंद्र सिंह यादव, सुरेश धाकड़, गिरराज दंडौतिया, रक्षा संतराम सिरौनिया, रणवीर जाटव, जसवंत जाटव इस्तीफे दे चुके है.