दिल्ली-एनसीआर में रैपिड रेल (RRTS या नमो भारत) नेटवर्क के विस्तार की तैयारी तेज हो गई है. नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (NCRTC) द्वारा प्रस्तावित चार बड़े कॉरिडोर दिल्ली-एनसीआर के प्रमुख शहरों को हाई-स्पीड कनेक्टिविटी प्रदान करेंगे, जिससे ट्रैफिक जाम, प्रदूषण और यात्रा समय में काफी कमी आएगी. ये कॉरिडोर मुख्य रूप से दिल्ली-मेरठ (चालू है) के अलावा नए प्रस्तावित हैं, और इनसे कुल आठ बड़े शहरों दिल्ली, गुरुग्राम, फरीदाबाद, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, पानीपत/करनाल, अलवर/एसएनबी आदि को जोड़ा जाएगा.
हालिया अपडेट्स में एक नया महत्वपूर्ण कॉरिडोर गुरुग्राम-फरीदाबाद-नोएडा-ग्रेटर नोएडा को जोड़ने का प्रस्तावित है, जिसे चार बड़े कॉरिडोर के विस्तार के रूप में देखा जा रहा है. यह कॉरिडोर दिल्ली को बाईपास करके सीधे इन शहरों को कनेक्ट करेगा, और IGI एयरपोर्ट से जेवर एयरपोर्ट तक हाई-स्पीड लिंक का हिस्सा बनेगा.
यह कॉरिडोर दिल्ली को बाईपास कर ट्रैफिक लोड कम करेगा, आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देगा, और पर्यावरण अनुकूल होगा. अन्य कॉरिडोर जैसे दिल्ली-करनाल (90 मिनट में दिल्ली-करनाल) और दिल्ली-अलवर भी तेजी से आगे बढ़ रहे हैं.
NCRTC का लक्ष्य 2041 तक 709 किमी RRTS नेटवर्क विकसित करना है, जिसमें कुल 8 कॉरिडोर शामिल हैं. यह परियोजना NCR के शहरी विकास के लिए गेम-चेंजर साबित होगी, जहां लाखों लोग रोजाना तेज, सुरक्षित और किफायती यात्रा कर सकेंगे.
ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. India.Com पर विस्तार से पढ़ें India Hindi की और अन्य ताजा-तरीन खबरें
By clicking “Accept All Cookies”, you agree to the storing of cookies on your device to enhance site navigation, analyze site usage, and assist in our marketing efforts Cookies Policy.