प्रयागराज: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज परेड मैदान में लगभग 27 हजार दिव्यांगजन व वृद्धजन को उपकरण वितरित करेंगे. प्रधानमंत्री 10 दिव्यांगजन को अपने हाथ से उपकरण प्रदान करेंगे. वह तीन सौ दिव्यांगजन से अलग से मन की बात भी करेंगे. प्रधानमंत्री कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, मोदी शनिवार को पूर्वान्ह लगभग 11 बजे परेड मैदान स्थित कार्यक्रम स्थल पर पहुंच जाएंगे. वहां लगभग दो घंटे रहेंगे. इसके बाद हेलीकॉप्टर से चित्रकूट रवाना होंगे. वहां से बमरौली एयरपोर्ट लौटकर शाम को भारतीय वायुसेना के विशेष वायुयान से दिल्ली लौट जाएंगे. इसके पहले प्रधानमंत्री का स्वागत करने के लिए राज्यपाल आनंदी बेन पटेल व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बमरौली एयरपोर्ट पहुंचेंगे. वहां से समारोह स्थल आएंगे. प्रधानमंत्री कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार देश में यह सबसे बड़ा वितरण शिविर होगा, जिसमें सबसे अधिक संख्या में लाभान्वितों को शामिल किया गया है, साथ ही इसमें वितरित किए जाने वाली उपकरणों और सहायता यंत्रों की संख्या तथा उनका मूल्य सबसे अधिक है. Also Read - अब स्कूटी वाली महिला ने पुलिस से की बदसलूकी, पीएम मोदी और नीतीश कुमार के खिलाफ अभद्र भाषा का किया इस्तेमाल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट के जरिए कहा है कि वह शनिवार को प्रयागराज के बहनों और भाइयों से मुलाकात का उत्सुकता से इंतजार कर रहे हैं. वह प्रयागराज के साथ चित्रकूट में भी कार्यक्रमों में शामिल होंगे. प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट के जरिए कहा कि प्रयागराज का कार्यक्रम दिव्यांगजन के सम्मान और सहयोग का है. यह समाज कल्याण अभियान के तहत वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांग जन के लिए लगने वाले सबसे बड़े शिविरों में से एक होगा. उन्हें सहायता उपकरण प्रदान किए जाएंगे. यह दिव्यांगजन के लिए बेहतर जीवन स्तर सुनिश्चित करने के हमारे प्रयासों का एक हिस्सा है. वह चित्रकूट में बुंदेलखंड एक्सप्रेस वे की आधारशिला रखने के लिए खुश हैं. इस विशाल शिविर में 56,000 से अधिक विभिन्न प्रकार के सहायता यंत्र और उपकरण करीब 27000 लाभान्वितों को मुत वितरित किए जाएंगे. सहयता यंत्र और उपकरणों का मूल्य 19 करोड़ रुपये से अधिक है. Also Read - पीएम मोदी ने ब्रिटिश प्रधानमंत्री के साथ की शिखर बैठक; एक अरब पौंड के व्यापार और निवेश की हुई घोषणा

शनिवार को 27 हजार लाभार्थियों को 56 हजार उपकरण वितरित किए जाएंगे जो एक विश्व रिकार्ड होगा. समारोह में अलग-अलग कैटेगरी में भी छह विश्व रिकार्ड बनेंगे. इस पर निगरानी के लिए गिनीज बुक अफ वर्ल्ड रिकार्डस की टीम पहुंच गई है. इसमें 60 से 70 सदस्य शामिल होंगे. टीम के सदस्य प्रत्येक प्वाइंट पर होंगे और पंजीकरण पर्ची तथा विश्व रिकार्ड के लिए आवश्यक पहलुओं पर नजर रखेंगे. आइजी रेंज और एसएसपी ने बताया कि जोन के सभी जिलों के अलावा कानपुर, जौनपुर, मीरजापुर, भदोही से भी पुलिस बल बुलाया गया है. 10 आइपीएस, 15 एएसपी, 30 डिप्टी एसपी समेत करीब ढाई हजार पुलिसकर्मियों के अलावा 10 कंपनी पीएसी, आरएएफ, इंडो तिब्बत बार्डर पुलिस की भी तैनाती की गई है. आरएएफ के भीड़ नियंत्रण वाले विशेष वाहन भी मंगाए हैं. कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा जांच के बाद ही लोगों को पंडाल में प्रवेश करने दिया जाएगा. पंडाल से पहले बीस से ज्यादा डीएफएमडी यानी डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर लगाए गए हैं. Also Read - बंगाल में चुनावी जीत पर पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने ममता बनर्जी को दी बधाई, बोले- कोरोना से लड़ाई में हर संभव मदद देगा केंद्र