Nationwide Lockdown latest Updates: देश में कोरोना का तांडव जारी है. भारत में रोजाना 4 लाख से ज्यादा नए केस सामने आ रहे हैं. देश के ज्यादा राज्यों में लॉकडाउन या लॉकडाउन जैसी पाबंदियां लागू हैं, हालांकि रोजाना दर्ज किए जाने वाले केस में कमी नहीं आ रही है. कोरोना के तेजी से बढ़ते मामलों के बीच चारों तरफ से संपूर्ण लॉकडाउन की मांग की जा रही है. इस बीच डॉक्टरों के संगठन इंडियन मेडिकल एसोसिएशन यानी IMA भी संपूर्ण लॉकडाउन (Total Lockdown) पर जोर दे रहा है.Also Read - Delhi में कोरोना पॉजिटिविटी दर 20 फीसदी के करीब, बढ़ते मामलों के बीच LG की अपील- 'महामारी अभी खत्म नहीं हुई है इसलिए...'

IMA कहा कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय को ‘जाग’ जाना चाहिए और कोविड-19 महामारी से पैदा हो रही चुनौतियों से निपटने के लिए कदम उठाना चाहिए. डॉक्टरों के संगठन ने एक बयान में यह भी आरोप लगाया कि स्वास्थ्य मंत्रालय ने कोविड-19 की दूसरी लहर से निपटने के लिए उपयुक्त कदम नहीं उठाए. बयान में कहा गया, ‘IMA मांग करता है कि स्वास्थ्य मंत्रालय को नींद से जाग जाना चाहिए और कोविड-19 महामारी के कारण बढ़ती जा रहीं चुनौतियों से निपटने के लिए कदम उठाना चाहिए.’ Also Read - भारत में नए COVID-19 केसों में गिरावट, पिछले 24 घंटे में 8813 मामले; एक्टिव केस भी हुए कम

बयान के अनुसार, ‘कोविड-19 महामारी की दूसरी खौफनाक लहर के कारण पैदा संकट से निपटने में स्वास्थ्य मंत्रालय की ढिलाई और अनुचित कदमों को लेकर आईएमए बिलकुल चकित है.’ इसमें कहा गया कि IMA पिछले 20 दिनों से स्वास्थ्य ढांचा बेहतर करने और साजो-सामान तथा कर्मियों को फिर से तैयार करने के लिए पूर्ण और सुनियोजित राष्ट्रीय लॉकडाउन (IMA On Nationwide Lockdown) पर जोर दे रहा है. Also Read - स्वतंत्रता दिवस पर कोरोना से जंग में बड़ी उपलब्धि, देश की पहली Nasal Vaccine का ट्रायल सफलतापूर्वक पूरा

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने भी संपूर्ण लॉकडाउन पर विचार करने को कहा था. वहीं, AIIMS के डायरेक्टर डॉ. रणदीप गुलेरिया भी बीते साल की तरह सख्त लॉकडाउन की बात कर चुके हैं. उन्होंने पिछले साल मार्च महीने की तरह ही सख्त लॉकडाउन की पैरवी की है. इन सबके बीच कोरोना की तीसरी लहर की बात भी सामने आई है. केंद्र सरकार के वैज्ञानिक सलाहकार डॉ. के विजय राघवन कहा है कि देश में कोरोना की तीसरी लहर (Coronavirus Third Wave) को टाला नहीं जा सकता. इन सबके बीच सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या केंद्र सरकार पिछले साल की तरह पूरे देश में लॉकडाउन लगाएगी?

नीति आयोग के सदस्य (स्वास्थ्य) डॉ. वीके पॉल से जब लॉकडाउन को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए राज्य सरकारों को प्रतिबंधों को लेकर दिशा निर्देश दे चुकी है. उन्होंने यह भी कहा कि अगर आने वाले समय में कुछ और करने की जरूरत पड़ती है तो उसके सभी विकल्पों पर चर्चा की जा सकती है.

(इनपुट: भाषा)