Negative RT-PCR Test Mandatory: देश के कुछ राज्यों में कोरोना ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है. तेजी से बढ़ रहे मामलों के बीच इससे बचाव के लिए सख्त कदम उठाए जा रहे हैं. इस बीच दिल्ली के बाद अब पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार ने महाराष्ट्र, केरल, कर्नाटक और तेलंगाना से उड़ानों में सफर करने वाले यात्रियों के लिए राज्य में आने पर कोरोना वायरस की निगेटिव रिपोर्ट अनिवार्य कर दिया है. इससे पहले दिल्ली की केजरीवाल सरकार ने महाराष्ट्र, केरल, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और पंजाब से राष्ट्रीय राजधानी में आने वाले लोगों को नेगेटिव RT-PCR दिखाना जरूरी किया था. Also Read - पश्चिम बंगाल में अब 'छोटी रैली' करेंगे पीएम मोदी सहित BJP के सभी बड़े नेता, सभा में आ सकेंगे केवल 500 लोग

स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार यात्रियों को उड़ान प्रस्थान के 72 घंटे के भीतर RT-PCR जांच से गुजरना होगा. इसमें कहा गया है, ‘महाराष्ट्र, केरल, कर्नाटक और तेलंगाना में कोविड-19 मामलों की बढ़ोतरी की प्रवृत्ति और अगस्त में जारी आदेश को जारी रखते हुए आपको यह सूचित किया जाता है कि राज्य सरकार ने निर्णय लिया है कि 27 फरवरी से इन चार राज्यों से आने वाले सभी यात्रियों को अनिवार्य रूप से एक कोविड-19 निगेटिव आरटी-पीसीआर रिपोर्ट साथ रखनी होगी.’ इस संबंध में सभी एयरलाइंस को आवश्यक निर्देश जारी किए जाएंगे. Also Read - पश्चिम बंगाल में नहीं लगेगा नाइट कर्फ्यू! मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सभी स्कूलों में गर्मियों की छुट्टी का ऐलान किया

इससे पहले दिल्ली सरकार ने ऐसा ही कदम उठाया था. अधिकारियों ने बताया कि इस बाबत एक आधिकारिक आदेश जल्द जारी किया जाएगा और यह 15 मार्च तक प्रभावी रहेगा. दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की सोमवार को हुई बैठक में भी इस मुद्दे पर चर्चा की गई थी. अधिकारियों ने कहा कि कोविड-19 ‘निगेटिव’ जांच रिपोर्ट लाने की अनिवार्यता शुक्रवार रात से प्रभावी हो सकती है. Also Read - Covid-19 RT-PCR Test: कोविड के लक्षण हैं, लेकिन रिपोर्ट में संक्रमण की नहीं हुई पुष्टि तो क्या करें? विशेषज्ञ ने दी यह सलाह...

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के एक अधिकारी के अनुसार, महाराष्ट्र में कोरोना वायरस संक्रमण के दैनिक मामले बढ़ रहे हैं. केरल में पहले की तुलना में संक्रमण के मामले घट रहे हैं लेकिन अब भी संक्रमण के ज्यादा मामले आ रहे हैं. अधिकारी ने मंगलवार को कहा कि पंजाब, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश में संक्रमण के दैनिक मामलों में वृद्धि चिंता का विषय है.

बता दें कि बीते एक हफ्ते में जो नए कोरोना मामले आए हैं उसमें 86% इन्हीं पांच राज्यों से हैं. इसे देखते ही दिल्ली सरकार ने यह फैसला किया है. इस फैसले को लेकर औपचारिक आदेश हालांकि अब तक जारी नहीं किया गया है.

(इनपुट: भाषा)