नई दिल्लीः पंजाब नेशनल बैंक (Punjab National Bank) में करोड़ों की धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आरोपी हीरा कारोबारी नीरव मोदी (Nirav Modi) के प्रत्यर्पण पर ब्रिटेन की एक अदालत में सोमवार को सुनवाई होगी. दुनिया भर में प्रकोप बनकर कहर की तरह बरस रहे कोरोना वायरस के खिलाफ ब्रिटेन में नीरव मोदी के खिलाफ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सुनवाई शुरू होगी. Also Read - Coronavirus Delhi: प्रवर्तन निदेशालय के पांच कर्मचारी कोरोना पॉजिटिव, ED हेडक्वार्टर हुआ सील

दरअसल, भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी के खिलाफ धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग के तहत मामला दर्ज है. नीरव मोदी साल 2019 मार्च से लंदन की वैंड्सवर्थ जेल में बंद है. नीरव मोदी को लंदन के वेंस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट अदालत में पेश किया जाना थी, लेकिन कोरोना के चलते अब वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए नीरव मोदी को अदालत में पेश किया जाएगा. Also Read - CBI ने तबलीगी जमात के नकदी लेन-देन और विदेशी चंदे की प्रारंभिक जांच शुरू की

सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों को देखते हुए जिला न्यायाधीश सैमुअल गूजी ने नीरव मोदी को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत में उपस्थित होने का विकल्प तैयार किया गया. बता दें इससे पहले जज गूजी ने 28 अप्रैल को हुई रिमांड सुनवाई में कहा था कि, कुछ जेलें कोरोना के बीच भी कैदियों को व्यक्तिगत तौर पर पेश कर रही हैं, लेकिन मैं वैंड्सवर्थ जेल को निर्देश देता हूं कि 11 मई के ट्रायल में 49 साल के कारोबारी नीरव मोदी को व्यक्तिगत रूप से पेश ना करके लाइन लिंक के जरिए पेश करे.

बता दें भारत सरकार ने ब्रिटेन सरकार से नीरव मोदी के प्रत्यर्पण का अनुरोध किया था, जिसके लिए अब सोमवार को नीरव मोदी के खिलाफ धन शोधन और धोखाधड़ी के आरोप में सुनवाई होगी. जिसमें नीरव मोदी के प्रत्यर्पण पर भी विचार किया जा सकता है. नीरव मोदी के खिलाफ यह मामला केंद्रीय जांच ब्यूरो (Central Bureau of Investigation) और प्रवर्तन निदेशालय की तरफ से दायर किया गया है.