नई दिल्ली: दिल्ली के उपराज्यपाल ने बहुचर्चित निर्भया मामले के अभियुक्तों में से एक की दया याचिका खारिज करने की गृह मंत्रालय से सिफारिश की है. इस मामले में चार दोषियों को मौत की सजा सुनाई गई है. उन चारों अभियुक्तों में से एक मुकेश सिंह ने कुछ दिन पहले दया याचिका दायर की थी.

गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा, ”गृह मंत्रालय को उपराज्यपाल से दया याचिका मिल गई है, जिसमें उन्होंने इसे नामंजूर करने की सिफारिश की है. याचिका पर गौर किया जा रहा है और जल्दी ही उचित फैसला किया जाएगा.’’

दिल्ली सरकार ने सिंह द्वारा दायर दया याचिका को खारिज करने की बुधवार को सिफारिश की और इसे त्वरित कदम उठाते हुए उपराज्यपाल को भेज दिया.

वहीं, दिल्‍ली की कोर्ट तिहाड़ जेल के अधिकारियों को दोषियों को फांसी देने के लिए निर्धारित शेड्यूल पर 17 जनवरी तक रिपोर्ट पेश करे. निर्देश जारी हो जाने के बाद जेल अधिकारियों को सूचित किया गया है. उन्‍होंने दिल्‍ली सरकार को इस मुद्दे पर निर्धारित निष्पादन के मुद्दे पर दिल्ली सरकार को लिखा है.

दिल्ली सरकार ने हाईकोर्ट को एक सुनवाई के दौरान सूचित किया कि दोषियों को फांसी की सजा 22 जनवरी को नहीं दी जा सकेगी, क्योंकि सिंह द्वारा दया याचिका दायर की गई है.

इस मामले के चार अभियुक्तों सिंह (32), विनय शर्मा (26), अक्षय कुमार सिंह (31) और पवन गुप्ता (25) को 22 जनवरी को सुबह सात बजे तिहाड़ जेल में फांसी दिया जाना तय हुआ है. दिल्ली की एक अदालत ने सात जनवरी को उनकी मौत का वारंट जारी किया था.