नई दिल्‍ली: निर्भया गैंगरेप और मर्डर केस में कोर्ट ने एक दोषी विनय शर्मा की याचिका पर तिहाड़ जेल के अधिकारियों से जवाब मांगा है. कोर्ट ने इस मामले में अगली सुनवाई 22 फरवरी तय की है. बता दें कि चारों दोषियों में से एक विनय शर्मा ने तिहाड़ जेल में अपनी कोठरी में दीवार पर सिर पटक कर खुद को घायल कर लिया था. ऐसे में क्‍या इस मामले के मद्देनजर विनय की फांसी लटक सकती है. Also Read - Covid-19: कैदियों का कमाल! तिहाड़ जेल में ही बना डाले 75000 मास्क, सेनेटाइजर

अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश धर्मेंद्र राणा ने जेल अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे शनिवार को दोषी की याचिका पर अपना जवाब प्रस्तुत करें. Also Read - कोरोना इफेक्ट: तिहाड़ से कैदियों की रिहाई संभव, सुप्रीम कोर्ट के आदेश का इंतजार!

वकील ने अदालत को बताया कि विनय शर्मा अपनी मां सहित लोगों को पहचान नहीं पा रहा है. विनय ने अपने वकील के जरिए दिल्ली की अदालत से गुरुवार को संपर्क कर अपनी मानसिक बीमारी, शिजोफ्रेनिया, सिर में लगी चोट के बेहतर उपचार का आग्रह किया है. इस पर कोर्ट ने दोषी विनय की याचिका पर तिहाड़ जेल के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे शनिवार को अपना जवाब प्रस्तुत करें. Also Read - फांसी के फंदे पर झूले निर्भया के दोषी: पीएम मोदी ने कहा- न्याय जीता, महिलाओं को सम्मान मिलना चाहिए

जेल अधिकारियों के अनुसार विनय ने जेल की अपनी कोठरी में दीवार पर सिर मारकर खुद को घायल कर लिया. यह घटना जेल नंबर तीन में रविवार को दोपहर बाद हुई. इसमें उसे मामूली चोट आई और जेल के भीतर उसका इलाज किया गया.

दोषी विनय शर्मा ने अपने वकील के जरिए दिल्ली की अदालत से संपर्क कर अपनी मानसिक बीमारी, शिजोफ्रेनिया, सिर में लगी चोट के बेहतर उपचार का आग्रह किया. वहीं, अभियोजक ने दोषी की मानसिक बीमारी और सिर की चोट के उपचार संबंधी याचिका का विरोध किया, कहा कि यह विचार योग्य नहीं है.

अदालत ने 17 फरवरी को चारों दोषियों-मुकेश कुमार सिंह, पवन गुप्ता, विनय और अक्षय कुमार के खिलाफ नया मृत्यु वारंट जारी कर उन्हें आगामी 3 मार्च को सुबह छह बजे फांसी पर लटकाने का निर्देश दिया था. यह तीसरी बार है जब चारों दोषियों के खिलाफ नया मृत्यु वारंट जारी किया गया है.