नई दिल्ली: हिन्दीभाषी तीन राज्यों में बीजेपी की हार के बाद पार्टी के नेताओं के बयान मीडिया की सुर्खियां बन रहे हैं. बीजेपी नेतृत्व में बदलाव की मांग हो रही है. बीजेपी के सीनियर नेता संघप्रिय गौतम ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को उपप्रधानमंत्री बनाने की मांग की है. वहीं केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह को उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाने की मांग की है. इनता ही नहीं इस सीनियर नेता ने मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को बीजेपी का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाने की मांग की है. उनका कहना है कि अमित शाह को राज्यसभा में कमान संभालनी चाहिए जहां पार्टी बहुमत में नहीं है. उनका कहना है कि इस बदलाव से बीजेपी कार्यकर्ताओं में भरोसा बढ़ेगा.

संघप्रिय गौतम ने अपने लेटर में लिखा है कि यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को कुर्सी से हटाकर धार्मिक कार्यों में लगा देना चाहिए. हालांकि इस पत्र में पीएम नरेंद्र मोदी की तारीफ की गई है. संघप्रिय गौतम ने पीएम के बारे में लिखा हैकि उन्होंने देश का सम्मान बढ़ाया है और वो देश के सबसे चहेते नेताओं में से एक हैं. हालांकि उन्हें यकीन नहीं है कि बीजेपी दोबारा सत्ता में आएगी.

संघप्रिय गौतम का कहना है कि जनता ही नहीं बीजेपी कार्यकर्ताओं में भी सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर काफी गुस्सा है. 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव में बीजेपी को जीत सुनिश्चित करने के लिए संगठन में बड़े बदलाव करने चाहिए. उन्होंने योजना आयोग को नीति आयोग में बदलना, सुप्रीम कोर्ट, आरबीआई, सीबीआई आदि संवैधानिक संगठनों में दखलंदाजी ठीक नहीं है. उनका कहना है कि मणिपुर और गोवा में किसी भी कीमत पर सरकार बनाना गलत था. 88 साल के संघप्रिय गौतम अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में मंत्री रह चुके हैं.

संघप्रिय गौतम पहले नेता नहीं है जिन्होंने नेतृत्व में बदलाव की मांग की है. हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में हार के बाद केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को 2019 के लोकसभा चुनाव में पीएम पद का उम्मीदवार घोषित करने की मांग की गई थी. हालांकि केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने इसके बाद कहा था कि 2019 के लोकसभा चुनाव में पीएम का दावेदार बनने की उनकी कोई इच्छा नहीं है.