देश का कोई भी नागरिक अब जम्मू-कश्मीर (Jammu Kashmir) में जमीन खरीद सकता है और वहां बस सकता है. केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार (Narendra Modi Govt.) ने मंगलवार को जम्मू-कश्मीर में भूमि स्वामित्व अधिनियम संबंधी कानूनों में संशोधन किया है. गृह मंत्रालय द्वारा मंगलवार को इसे लेकर नोटिफिकेशन जारी किया गया है. हालांकि, अभी खेती की जमीन को लेकर रोक जारी रहेगी. सरकार का यह फैसला तत्काल रूप से प्रभावी होगा.Also Read - Night Curfew: जम्मू-कश्मीर में अगले आदेश तक जारी रहेगा नाइट कर्फ्यू, इस समय के दौरान बाहर न निकले

Also Read - Earthquake in Jammu Kashmir: जम्मू-कश्मीर में हिली धरती, 5.3 तीव्रता से आया भूकंप

इससे पहले जम्मू कश्मीर में सिर्फ उस राज्य के स्थायी नागरिक ही जमीन खरीद सकते थे. 5 अगस्त 2019 से पहले जम्मू कश्मीर की अपनी अलग संवैधानिक व्यवस्था थी. इसके तहत देश के किसी अन्य राज्य के नागरिक जम्मू कश्मीर में जमीन नहीं खरीद सकते थे. Also Read - जम्मू कश्मीर में कोरोना केस बढ़े, श्रीनगर हवाई अड्डे पर उड़ान से तीन घंटे पहले मिलेगी यात्रियों को एंट्री

जम्मू-कश्मीर के LG मनोज सिन्हा (Manoj Sinha) ने कहा कि हम चाहते हैं कि यहां बाहर की इंडस्ट्री भी लगें. इसलिए इंडस्ट्रियल लैंड में इन्वेस्ट की जरूरत है. हालांकि खेती के लिए जमीन केवल जम्मू-कश्मीर के लोगों के लिए ही रहेगी.

बता दें कि बीते साल 5 अगस्त को जम्मू कश्मीर को मिले विशेष राज्य का दर्ज खत्म कर दिया गया था और आर्टिकल 370 हटा दी गई थी. इसके बाद 31 अक्टूबर 2019 को जम्मू कश्मीर को केंद्र शासित प्रदेश बना दिया गया था. केंद्र शासित प्रदेश बनने के एक साल पूरा होने से ठीक पहले जमीन के कानून में यह बदलाव किया गया है.