चंडीगढ़: अंगदान, महादान…ये कहावत हम सुनते रहते हैं लेकिन इसे पूरा कर दिखाया है हिमाचल प्रदेश में मंडी जिले के रहने वाले मेहर सिंह के परिवार ने. मेहर सिंह का निधन हो गया था और उनके परिवार ने उनके अंग दान करके गंभीर रूप से बीमार दो मरीजों को नया जीवन जबकि दो दृष्टिहीन मरीजों को दृष्टि प्रदान की. Also Read - हिमाचल प्रदेश में 218 हुई कोरोना मरीजों की संख्या, 30 जून तक बढ़ाया गया लॉकडाउन

गत 15 मई को मेहर सिंह एक निर्माण स्थल पर काम करते हुए फिसल गए थे और उन्हें गंभीर चोट आई थी. उन्हें तत्काल पास के एक अस्पताल ले जाया गया जहां से उन्हें चंडीगढ़ के पीजीआईएमईआर भेज दिया गया क्योंकि उन पर इलाज का असर नहीं हो रहा था. Also Read - शादी करनी थी, रूसी गर्लफ्रेंड के साथ ट्रक में छिपकर नोएडा से शिमला पहुंच गया शख्स, फिर...

सिंह के एक जानकार ने बताया, ‘‘मेहर सिंह को 16 मई को अत्यंत नाजुक स्थिति में पीजीआईएमईआर लाया गया था और यहां पर उनका इलाज चल रहा था.’’ उन्होंने कहा कि चिकित्सकों के सर्वश्रेष्ठ प्रयासों के बावजूद सिंह की स्थिति बिगड़ती गई और गुरुवार को उन्हें ‘ब्रेन डेड’ घोषित कर दिया गया. Also Read - लॉकडाउन में ऑपरेशन कराने के नहीं थे पैसे, तो पुलिसकर्मी ने उठाया अस्पताल का खर्चा

(इनपुट: एजेंसी)