हाल ही में देश की राजधानी  दिल्ली में वन रैंक-वन पेंशन की मांग को लेकर एक पूर्व सैनिक ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। मृतक पूर्व सैनिक वन रैंक-वन पेंशन मुद्दे पर सरकार के फैसले से संतुष्ट नहीं था।

इस मामले को लेकर वे और उनके कुछ अन्य सैनिक साथी सोमवार से जंतर-मंतर पर धरना दे रहे थे। ओआरओपी मुद्दे को लेकर सैनिक की आत्महत्या का मामला तब गरमाता दिखा जब मृतक के परिवार से मिलने के लिए दिल्ली के उप-मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया अस्पताल पहुंचे लेकिन उन्हे दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया है।

इस बात की खबर लगते ही राहुल गांधी भी आरएमएल अस्पताल पहुंचे लेकिन राहुल गांधी को अस्पताल परिसर के बाहर ही रोक दिया गया और अंदर जाने पर रोक लगा दी गई। राहुल गांधी परिजनों से मिलने के लिये इस गेट से उस गेट घूमते रहे लेकिन पुलिस ने उनकी एक न सुनी। यह भी पढ़ें: दिल्ली: OROP को लेकर पूर्व सैनिक ने जंतर मंतर पर किया सुसाइड, परिवार से आज मिलेंगे केजरीवाल

रोके जाने पर राहुल ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा है कि देश किस ओर जा रहा हैं ये कैसा लोकतंत्र है।

इतना ही नहीं उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को हिरासत में लिए जाने पर केजरीवाल ने सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा है कि अगर अपने राज्य में किसी की मौत पर उप मुख्यमंत्री परिवार को सांत्वना देने जाए तो क्या उसे गिरफ्तार किया जाएगा? गुंडागर्दी की हद है मोदी जी।

गौरतलब है कि मृतक पूर्व सैनिक का नाम रामकिशन ग्रेवाल है। रामकिशन हरियाणा के रहने वाले थे। पुलिस के मुताबिक, रामकिशन वन रैंक-वन पेंशन मुद्दे पर सरकार के फैसले से असहमत थे।

जिसके चलते  वह अपने कुछ साथियों के साथ सोमवार से जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे थे। वे रक्षा इस मामले को लेकर रक्षा मंत्री से मिलने के लिये प्रयासरत थे वे उनसे मिल पाते इससे पहले ही उन्होने खुदखुशी कर ली।