कोलकाता: वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम ने कोलकाता के पार्क सर्कस में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन में शामिल हुए और वहां मौजूद लोगों को आश्वस्त किया कि उनकी पार्टी उनके साथ है. चिदंबरम शुक्रवार देर शाम पार्क सर्कस मैदान में पहुंचे थे, जब वह पार्टी संबंधी काम के सिलसिले में शहर में थे.

प्रदर्शनकारियों ने उन्हें केंद्र की भाजपा नीत सरकार के खिलाफ नारे लगाते हुए घेर लिया. पूर्व वित्तमंत्री ने प्रदर्शनकारियों के साथ कुछ समय बिताया और उनमें से कुछ के साथ बातचीत करने के दौरान वह मुस्कुराते नजर आए. कोलकाता के पार्क सर्कस में हो रहे प्रदर्शन को दिल्ली के शाहीन बाग में हो रहे प्रदर्शन का संस्करण बताया जा रहा है, जिसमें मुख्य रूप से मुस्लिम महिलाएं शामिल हैं, जो सीएए, एनआरसी और एनपीआर के खिलाफ 12 दिनों से धरने पर हैं.

शाहीन बाग प्रदर्शन से प्रेरित होकर सात जनवरी को स्थानीय पार्क में बड़े पैमाने पर आसपास की महिलाएं देश में जो कुछ हो रहा है उस पर चिंता, निराशा और गुस्से को व्यक्त करने के लिए जुट गईं. उन्होंने नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, एक प्रस्तावित देशव्यापी राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर और राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर के खिलाफ एक विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया. डॉक्टर, वकील, शिक्षक, प्रोफेसर जैसे शीर्ष पेशेवर से लेकर दूसरों के घरों में खाना पकाने या बर्तन धोने जैसा काम कर जीविकोपार्जन करने वाला हर कोई इसमें शामिल हो रहा है और यह संख्या हर दिन बढ़ती चली जा रही है.