नई दिल्ली| पाकिस्तान सेना ने आतंकी गतिविधियों और जासूसी के आरोप में गिरफ्तार पूर्व भारतीय नौसेना अधिकारी कुलभूषण जाधव के कथित कबूलनामे का दूसरा वीडियो जारी किया है. इस वीडियो में कुलभूषण अपने सभी गुनाहों को कबूल करते दिख रहे हैं. पाकिस्तानी सेना में मेजर जनरल आसिफ गफूर ने जाधव की दया याचिका और इस वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर किया है.

अप्रैल 2017 में बनाए गए 9 मिनट 20 सेंकेंड के इस वीडियो में कुलभूषण जाधव एक कुर्सी पर बैठे दिख रहे हैं और एक एक कर अपने सभी गुनाह कबूल कर रहे हैं. वीडियो का बैकग्राउंड पूरी तरह सफेद है और उसमें 114 कट हैं. पहले की ही तरह इस वीडियो के माध्यम से एक बार फिर पाक लोगों को गुमराह करने का प्रयास कर रहा है. वीडियो में दिख रहे जाधव की बांयी आंख के ऊपर चोट के निशान हैं जिससे ये अंदाज लगाना मुश्किल नहीं है कि पाकिस्तान ने ये वीडियो जबरन बनवाया है और इसके लिए उन्हें कड़ी यातना दी गई है.

इससे पहले पाकिस्तान सेना की जन संपर्क शाखा इंटर सर्विसिस पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) ने दावा किया था कि कुलभूषण जाधव ने सेना प्रमुख से जासूसी और आतंकवादी गतिविधियों के लिए माफी मांगी है और सेना प्रमुख के पास दया याचिका दायर की है.

बता दें कुलभूषण जाधव को पाकिस्तान ने बीते साल 3 मार्च को बलूचिस्तान में ईरान से प्रवेश करते वक्त गिरफ्तार कर लिया था. जबकि भारत सरकार का मानना है कि उन्हें ईरान से गिरफ्तार किया गया है. पाकिस्तान ने उन पर जासूसी का आरोप लगाते हुए उन्हें रॉ का एजेंट बताया है. इस साल 10 अप्रैल को कुलभूषण जाधव को पाकिस्तान की सैन्य अदालत ने फांसी की सजा सुनाई थी. इसके बाद भारत ने कड़ा रुख अख्तियार करते हुए 8 मई को आईसीजे का दरवाजा खटखटाया था. फिलहाल इस केस की आखिरी सुनवाई बाकी है. तब तक आईसीजे ने पाकिस्तान पर जाधव को फांसी न देने के लिए रोक लगा रखी है.