petrol, diesel prices News: सरकार ने सोमवार को कहा कि पूरे देश में पेट्रोल एवं डीजल की कीमतों को एकसमान बनाये रखने के लिये कोई योजना विचाराधीन नहीं है और अभी तक जीएसटी परिषद ने तेल और गैस को जीएसटी (माल एवं सेवा कर) में शामिल करने की कोई सिफारिश नहीं की है.Also Read - कच्चे तेल की कीमतों में 30 फीसदी की गिरावट के बावजूद ऑटो ईंधन की कीमतों में कटौती के आसार नहीं

लोकसभा में उदय प्रताप सिंह और रोडमल नागर के प्रश्न के लिखित उत्तर में पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने यह जानकारी दी. सदस्यों ने पूछा था कि क्या सरकार पूरे देश में पेट्रोल एवं डीजल की कीमतों को एकसमान बनाये रखने के लिये कोई योजना तैयार कर रही है. Also Read - कच्चे तेल की सस्ती कीमत से लोगों के मन में फूटे लड्डू, लेकिन भारतीयों को नहीं मिलेगा सस्ता पेट्रोल-डीजल

इस पर केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा, ‘‘ ऐसी कोई योजना सरकार के समक्ष विचाराधीन नहीं है.’’ उन्होंने कहा कि पेट्रोल एवं डीजल के मूल्य, वैट (मूल्य वर्धित कर), स्थानीय वसूलियों जैसे घटकों के कारण विभिन्न बाजारों में अलग-अलग होते हैं. Also Read - September New Rules 2022: 1 सितंबर से होंगे ये बड़े बदलाव, आपकी जेब पर सीधे पड़ सकता है असर | Watch video

एक अन्य पूरक प्रश्न के उत्तर में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि साल 2010 से संप्रग सरकार के समय से ही पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतें अंतरराष्ट्रीय बाजार की कीमतों के आधार पर तय होती हैं. उन्होंने कहा कि केंद्रीय उत्पाद शुल्क के रूप में 32 रूपये लिये जाते हैं और इसका उपयोग 80 करोड़ लोगों को प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत सहायता देने के अलावा लोगों को नि:शुल्क टीका लगाने, न्यूनतम समर्थन मूल्य प्रदान करने और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि आदि में किया जाता है.

(इनपुट भाषा)