PM Kisan Samman Nidhi Yojana Online: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार देश के किसानों की आर्थिक स्थिति बेहतर करने के लिए पीएम किसान सम्मान निधि योजना (PM Kisan Samman Nidhi Yojana) चला रही है. इसके तहत देश के किसानों को हर साल तीन किस्तों में 6000 रुपये दिए जाते हैं. चालू वित्त वर्ष की अगली किस्त अगले महीने आने की संभावना है. जो भी हो, हम आज योजना के बारे में नहीं बल्कि इस योजना के तहत हुए एक घपले की बात कर रहे हैं.Also Read - PM Kisan Samman Nidhi Yojana: 7 लाख से ज्यादा किसानों को लौटानी पड़ सकती है 10वीं किस्त की राशि, जानिए-क्यों?

यह मामला महाराष्ट्र से जुड़ा है. वहां के लाखों ऐसे किसानों को सम्मान निधि का भुगतान कर दिया गया है जो आयकर भरते हैं. योजना के तहत गरीब या सीमांत किसानों को हो सम्मान राशि देने का प्रावधान है, लेकिन यहां पर आयकर भरने वाले दो लाख 30 हजार से अधिक किसानों को इस राशि का भुगतान कर दिया गया. अब जांच में यह मामला सामने आया है कि ऐसे किसानों को कुल 208.5 करोड़ रुपये दे दिए गए. अब इनसे इस राशि की वसूली करनी होगी. Also Read - PM Kisan Samman Yojana: नए साल के पहले दिन किसानों को मिलेगा तोहफा, किसानों के खाते में पहुंचेगी 10वीं किस्त

टाइम्स ऑफ इंडिया में छपी एक रिपोर्ट में महाराष्ट्र में एग्रीकल्चर सेंसस के डिप्टी कमिश्नर विनय कुमार अवाटे ने बताया कि इस पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत आयकर का भुगतान करने वाले किसानों को योजना से बाहर रखा गया है. उन्होंने कहा कि इन किसानों ने जानबूझकर या फिर अनजाने में ये पैसा ले लिया. इसकी जांच की जा रही है. उन्होंने कहा कि पीएम किसान योजना विभाग ने जांच मे पाया कि ये किसान योजना के तहत लाभ लेने के हकदार नहीं हैं और इनकी पूरी जानकारी राज्य सरकार को भेजी गई जिससे कि उनसे पैसे की वसूली की जा सके. Also Read - PM Kisan Samman Yojana 10th Installment: 15 दिसंबर तक जारी होगी 10 किस्त, यहां जानें - स्टेप-बाय-स्टेप चेक करने की प्रक्रिया

इस रिपोर्ट में कमिश्नर ऑफ एग्रीकल्चर ऑफिस के सूत्रों के हवाले कहा गया है कि सबसे ज्यादा ऐसे अयोग्य किसान राज्य के सतारा जिले से हैं, वहां के 19,289 किसानों से वसूली की प्रक्रिया शुरू की गई है. इसी तरह पुणे के 16101, जलगांव के 13942, सोलापुर के 13793, कोल्हापुर के 13061 और नासिक के 12054 किसानों से वसूली की जाएगी.

जांच में पता चला है कि एक दिसंबर 2018 से ही तमाम ऐसे किसान योजना के तहत लाभान्वित हो रहे हैं. वैसे कुछ किसानों ने पैसा वापस भी कर दिया है. इसमें से अब तक 264 किसानों ने 24.8 लाख रुपये वापस किए हैं.

गौरतलब है कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना की घोषणा दिसंबर 2018 में की गई थी. इस योजना के तहत खुद ही किसानों को ऑनलाइन आवेदन करना था. फरवरी 2019 तक उन्हें अपने आधार कार्ड के जरिए योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन करना था. अधिकारियों का कहना है कि इस प्रक्रिया में आई गड़बड़ी के कारण ऐसा हुआ होगा.