नई दिल्ली। वस्तुं एवं सेवा कर यानि जीएसटी के एक साल पूरा होने पर एक तरफ जहां पीएम ने देश की जनता को बधाई दी, वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस ने सरकार से तीखे सवाल किए हैं. इस सियासी नूराकुश्ती के बीच वित्त सचिव ने जीएसटी की खूबियां गिनाते हुए कहा कि इस मसले पर सभी पार्टियों ने सहमति दिखाई थी जो इसकी सबसे बड़ी सफलता है. Also Read - PM Narendra Modi Birthday: रिया को लेकर पीएम मोदी के मन की बात, देखें श्याम रंगीला का मजेदार Video

पीएम मोदी ने बधाई  Also Read - Happy B'day PM Narendra Modi: ये हैं पीएम मोदी की कुछ Unseen Pics, फोटो में देखें छात्र से लेकर पीएम बनने तक का सफर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जीएसटी का एक साल पूरा होने पर रविवार को देशवासियों को बधाई दी. मोदी ने ट्वीट कर कहा, जीएसटी का एक साल पूरा करने के विशेष अवसर पर मैं देशवासियों को बधाई देता हूं. सहकारी संघवाद और टीम इंडिया भावना का एक जीवंत उदाहरण, जीएसटी भारतीय अर्थव्यवस्था में सकारात्मक बदलाव लेकर आया है. #GSTforNewIndia Also Read - सरकार पर बरसे चिदंबरम, कहा- 'भारत ऐसा अनूठा संसदीय लोकतंत्र है जहां सवाल करने की अनुमति नहीं'

उन्होंने जीएसटी का एक साल पूरा होने से संबंधित एक पोस्टर भी साझा किया, जिसमें एक राष्ट्र, एक कर की उपलब्धियों को दर्शाया गया था. मोदी ने पोस्टर साझा करते हुए कहा, जीएसटी विकास, सादगी और पारदर्शिता लेकर आया है. यह औपचारिकता को बढ़ावा देता है, उत्पादकता में वृद्धि करता है, व्यवसाय करने में आसानी को बढ़ावा देता है, जिससे छोटे और मझोले उद्यमों को फायदा मिलता है.

वहीं जीएसटी के एक साल पूरा होने पर वित्त सचिव हंसमुख अधिया ने दिल्ली में आयोजित जीएसटी डे सेलिब्रेशन में कहा कि जून में 95,610 करोड़ का जीएसटी कलेक्शन हुआ है. उन्होंने कहा, ये देखना बेहद दिलचस्प था कि राज्यों ने पार्टी लाइन से हटते हुए जीएसटी काउंसिल की 27 बैठकों में हिस्सा लिया. 31 राज्यों ने रिकॉर्ड समय डेढ़ महीने में जीएसटी बिल पास कराया.

सरकार पर बरसे चिदंबरम

जीएसटी डे सेलिब्रेशन के बीच कांग्रेस ने मोदी सरकार को निशाने पर लिया. पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने कहा, सरकार ने गलत चीज बड़े तरीके से की और ये था नोटबंदी. इसी तरह बड़ी चीज गलत तरीके से की और ये है जीएसटी. डिजायन, बनावट, इंफ्रास्ट्रक्चर का आधार, दरें और जीएसटी को लागू करने के तरीके इतने गलत हैं कि व्यापारियों, निर्यातकों, ट्रेडर्स के बीच ये एक गलत शब्द बन गया है.

शुरुआत करें जीएसटी संविधान संशोधन बिल की तो बीजेपी सरकार की ओर से उठाया गए हर कदम में अंदर तक गलतियां थीं. जीएसटी बिल में मुख्य आर्थिक सलाहकार की सलाह को नजरअंदाज किया गया खास तौर पर इसकी दरों को लेकर दी गई सलाह.

बता दें कि जीएसटी को 30 जून 2017 की मध्यरात्रि को संसद के केंद्रीय सभागार में आयोजित कार्यक्रम में लॉन्च किया गया था. पीएम मोदी ने इसे आधुनिक भारत की नई क्रांति करार दिया था.