PM Modi, Western Dedicated Freight Corridor,Rewari-Madar section, indian railway: प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज गुरुवार को पश्चिमी समर्पित मालवहन गलियारा (Western Dedicated Freight Corridor) के 306 किमी लंबे न्‍यू रेवाड़ी-न्यू मदार खंड को राष्ट्र को समर्पित किया.वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से आयोजित एक समारोह में प्रधानमंत्री ने न्यू अटेली से न्यू किशनगढ़ के लिए विश्व के पहले डबल स्टैक लांग हॉल कंटेनर ट्रेन आपरेशंस (1.5 किलोमीटर लंबी कंटेनर ट्रेन) को हरी झंडी दिखाकर रवाना भी किया. जब नए साल में देश का आगाज अच्छा है. तो आने वाला समय भी शानदार और जानदार होना तय है. Also Read - Indian Railway: क्या 1 फरवरी से सभी पैसेंजर, लोकल और यात्री स्पेशल ट्रेनें हो रहीं शुरू...जानिए

तो आने वाला समय भी शानदार और जानदार होना तय
इस मौके पर पीएम ने कहा,  जब नए साल में देश का आगाज अच्छा है. तो आने वाला समय भी शानदार और जानदार होना तय है. मोदी ने कहा, पूर्वी और पश्चिमी समर्पित माल गलियारों को भारत के लिए एक गेम-चेंजर के रूप में देखा जा रहा है. यह देश के विभिन्न हिस्सों में नए विकास केंद्रों के विकास में मदद करेगा. Also Read - West Bengal: PM मोदी के पहुंचने से पहले बवाल, हावड़ा में BJP कार्यर्ताओं पर हमला, TMC वर्कर्स पर आरोप

ये देश के तेज विकास के कॉरिडोर हैं
पीएम ने कहा, आज का दिन NCR, हरियाणा और राजस्थान के किसानों, उद्यमियों, व्यापारियों के लिए नए अवसर लाया है. डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर चाहे ईस्टर्न हो या वेस्टर्न ये सिर्फ मालगाड़ियों के लिए आधुनिक रुट नहीं हैं. ये देश के तेज विकास के कॉरिडोर हैं. Also Read - सुभाष चंद्र बोस की 125वीं जयंती: गृह मंत्री अमित शाह ने नेताजी को दी श्रद्धांजलि, कही ये बात

आज भारत दुनिया के गिने चुने देशों में
न्यू अटेली से न्यू किशनगढ़ तक 1.5 किलोमीटर लंबी मालगाड़ियों की शुरुआत के साथ आज भारत दुनिया के गिने चुने देशों में अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है.

मेड इन इंडिया और  COVID19 टीके ने भारत के लोगों में एक नया विश्वास पैदा किया 
पीएम मोदी ने कहा, मेड इन इंडिया और देश में बने COVID19 टीके ने भारत के लोगों में एक नया विश्वास पैदा किया है.

जापान और उसके लोग हमारे साथ भरोसेमंद मित्र की तरह खड़े हुए हैं
पीएम मोदी ने कहा, भारत की विकास यात्रा के दौरान जापान और उसके लोग हमारे साथ भरोसेमंद मित्र की तरह खड़े हुए हैं. पश्चिमी समर्पित फ्रेट कॉरिडोर के निर्माण में भी, जापान ने हमें वित्तीय और तकनीकी सहायता प्रदान की. मैं जापान और उसके लोगों को धन्यवाद देता हूं.

भारत में इंफ्रास्ट्रक्चर का काम 2 पटरियों पर एकसाथ
पीएम मोदी ने कहा, आज भारत में इंफ्रास्ट्रक्चर का काम 2 पटरियों पर एकसाथ चल रहा है. एक पटरी Individual व्यक्ति के विकास को आगे बढ़ा रही है और दूसरी पटरी पर देश के Growth engine को नई ऊर्जा मिल रही है.

इस मौके पर रेल मंत्री पीयूष गोयल, राजस्‍थान के राज्यपाल कलराज मिश्र, मुख्‍यमंत्री अशोक गहलोत और हरियाणा के राज्‍यपाल सत्यदेव नारायण आर्य व मुख्‍यमंत्री मनोहर लाल खट्टर मौजूद रहे.

रेल मंत्री गोयल ने कहा कि लगभग 5,800 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित न्यू रेवाड़ी-न्यू मदार खंड के शुरू हो जाने से हरियाणा के प्रसिद्ध ऑटोमोबाइल उद्योग, व राजस्थान के खनिज उद्योगों को एक बड़े राष्ट्रीय बाजार के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार भी उपलब्ध हो जाएगा.

रेल मंत्री ने कहा, ” यह गलियारा इन राज्यों से गुजरता हुआ वह धागा है जो इन्हें आपस में बांधते हुए इन क्षेत्रों के समुचित आर्थिक और सामाजिक विकास में योगदान करेगा और भारतीय अर्थव्यवस्था को एक नई गति प्रदान करेगा.” उन्होंने कहा कि आने वाले अगले 100 दिनों में मदार को गुजरात के पालनपुर से जोड़ दिया जाएगा.  जिससे गुजरात के कांडला, पीपावाव और मुंद्रा बंदरगाह भी समर्पित मालवहन गलियारे के नेटवर्क से जुड़ जाएंगे.

रेल मंत्री ने कहा, ”खनिज हो या खाद्यान्न, उपज हो या उत्पाद, रेल की रफ़्तार से सभी क्षेत्रों को लाभ मिलेगा. उत्पाद को उपभोक्ता और बंदरगाह तक, खनिज को उद्योग तक, फर्टिलाइजर्स को खेत तक पहुंचाने में इस गलियारे का महत्त्वपूर्ण योगदान रहेगा. यह एक कॉरीडोर नहीं बल्कि विकास का दरवाजा बनेगा.” न्‍यू रेवाड़ी-न्‍यू मदार सेक्‍शन का हिस्‍सा हरियाणा और राजस्‍थान दोनों में आता है.

– इस मार्ग पर न्‍यू रेवाड़ी, न्‍यू अटेली और न्‍यू फूलेरा जैसे तीन जंक्‍शन सहित नौ स्‍टेशन बनाए गए हैं.
– स्टेशनों में न्यू डाबला, न्यू भगेगा, न्यू श्री माधोपुर, न्यू पछार मालिकपुर, न्यू सकूल और न्यू किशनगढ़ शामिल हैं.
– इस नए मालवहन गलियारे के खुल जाने से राजस्‍थान और हरियाणा के रेवाडी-मानेसर, नारनौल, फूलेरा और किशनगढ़ में मौजूद विभिन्‍न औद्योगिक इकाइयों को फायदा
पहुंचेगा.
– काठूवास स्‍थ‍ित कॉनकोर के कन्‍टेनर डिपो का भी बेहतर इस्‍तेमाल हो सकेगा.इस रेल खंड के शुरू हो जाने से देश का पश्‍चिमी और पूर्वी मालवहन गलियारा एक दूसरे से जुड़ जाएंगे.
– प्रधानमंत्री इससे पहले न्यू भाऊपुर और न्यू खुर्जा के बीच पूर्वी समर्पित मालवहन गलियारा राष्ट्र को समर्पित कर चुके हैं.