सरदार पटेल (Sardar Patel) की जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने स्टेच्यू ऑफ यूनिटी (The Statue of Unity) जाकर पूजा की और एकता परेड में शामिल हुए. एकता दिवस परेड में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पिछले साल किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि कोविड-19 (Covid-19) महामारी आएगी, लेकिन देश सामूहिक ताकत और इच्छाशक्ति के साथ इससे लड़ा और ऐसा इतिहास में पहले कभी नहीं देखा गया. पीएम मोदी ने अपने भाषण के दौरान आतंकवाद और पुलवामा हमले का भी जिक्र किया. पीएम मोदी ने कहा कि देश कभी भी इस हमले को भूल नहीं सकता. Also Read - India Covid-19 Updates: देश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 94 लाख के पार, बीते 24 घंटे में 38,772 नए केस और 443 की मौत

उन्होंने कहा कि आज यहां जब मैं अर्धसैनिक बलों की परेड देख रहा था, तो मन में एक और तस्वीर थी. ये तस्वीर थी पुलवामा हमले की. देश कभी भूल नहीं सकता कि जब अपने वीर बेटों के जाने से पूरा देश दुखी था, तब कुछ लोग उस दुख में शामिल नहीं थे, वो पुलवामा हमले में अपना राजनीतिक स्वार्थ देख रहे थे. पीएम ने कहा कि देश भूल नहीं सकता कि तब कैसी-कैसी बातें कहीं गईं, कैसे-कैसे बयान दिए गए. देश भूल नहीं सकता कि जब देश पर इतना बड़ा घाव लगा था, तब स्वार्थ और अहंकार से भरी भद्दी राजनीति कितने चरम पर थी.

उन्होंने कहा कि पिछले दिनों पड़ोसी देश से जो खबरें आईं हैं, जिस प्रकार वहां की संसद में सत्य स्वीकारा गया है, उसने इन लोगों के असली चेहरों को देश के सामने ला दिया है. अपने राजनीतिक स्वार्थ के लिए, ये लोग किस हद तक जा सकते हैं, पुलवामा हमले के बाद की गई राजनीति, इसका बड़ा उदाहरण है.

उन्होंने कहा कि मैं ऐसे राजनीतिक दलों से आग्रह करूंगा कि देश की सुरक्षा के हित में, हमारे सुरक्षाबलों के मनोबल के लिए, कृपा करके ऐसी राजनीति न करें, ऐसी चीजों से बचें. अपने स्वार्थ के लिए, जाने-अनजाने आप देशविरोधी ताकतों की हाथों में खेलकर, न आप देश का हित कर पाएंगे और न ही अपने दल का. प्रधानमंत्री ने कहा कि हमें ये हमेशा याद रखना है कि हम सभी के लिए सर्वोच्च हित- देशहित है. जब हम सबका हित सोचेंगे, तभी हमारी भी प्रगति होगी, उन्नति होगी.

उन्होंने कहा कि आज भारत की भूमि पर नजर गड़ाने वालों को मुंहतोड़ जवाब मिल रहा है. आज का भारत सीमाओं पर सैकड़ों किलोमीटर लंबी सड़कें बन रही हैं, दर्जनों ब्रिज, अनेक सुरंगें बना रही हैं. अपनी संप्रभुता और सम्मान की रक्षा के लिए आज का भारत पूरी तरह तैयार है. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सीमा पर भारत की नजर और नजरिया दोनों बदली है. हमारी सेना में मुंहतोड़ जवाब देने की ताकत है.

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आज के माहौल में दुनिया के सभी देशों को आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की सबसे ज्यादा जरूरत है. उन्होंने कहा कि शांति, भाईचार और परस्पर आदर का भाव ही मानवता की सच्ची पहचान है. शांति एकता और सद्भाव.. वही उसका एकमात्र मार्ग है. पीएम मोदी ने कहा कि भारत तो पिछले कई दशकों से आतंकवाद का भुक्तभोगी रहा है, आतंकवाद का पीड़ित रहा है. भारत ने अपने हजारों वीर जवानों और निर्दोश नागरिकों को खोया है. आतंक की पीड़ा को भारत भलि भांति जानता है. भारत ने आतंकवाद को हमेशा मुंहतोड़ जवाब दिया है. आज पूरे विश्व को भी एकजुट होकर हर उस ताकत को हराना है, जो आतंक के साथ है, जो आतंकवाद को बढ़ावा दे रही है.

पीएम मोदी ने कहा कि हमारी विविधता ही हमारा अस्तित्व है. हम एक हैं तो असाधारण हैं, लेकिन साथियों हमें यह भी याद रखना है कि भारत की ये एकता, ये ताकत दूसरों को खटकती भी रहती हैं. हमारी इस विविधता को ही वो हमारी कमजोरी बनाना चाहते हैं. ऐसी ताकतों को पहचानना जरूरी है, सतर्क रहने की जरूरत है.