अमेरिका के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति डॉनल़्ड ट्रंप ने भारत को अपना सच्चा दोस्त बताया है। ट्ंप ने दोनों देशों के बीच आर्थिक और रक्षात्मक सहयोग को मजबूत करने पर बल दिया। अमरिकी राष्ट्रपति के कार्यालय व्हाइट हाउस ने मंगलवार को एक बयान जारी करके इस बात की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मंगलवार रात 11.30 बजे भारत और अमेरिका के राष्ट्राध्यक्षों ने फोन पर बातचीत की।

ट्रंप ने आतंकवाद को एक गंभीर समस्या बताते हुए इससे निपटने की जरूरत पर बल दिया। बयान में कहा गया कि अमेरिका भारत को महत्वपूर्ण सहयोगी और दोस्त मानता है। आतंकवाद से दोनों देश साथ मिलकर लड़ेंगे। पीएम मोदी ने डॉनल्ड ट्रंप को भारत आने का निमंत्रण दिया तो ट्रंप ने मोदी को अमेरिका आने का न्यौता दिया।

पीएम मोदी दुनिया के ऐसे पांचवें नेता हैं, जिनसे ट्रंप ने राष्ट्रपति पद संभालने के बाद बात की है। इससे पहले ट्रंप ने कनाडा के पीएम जस्टिन ट्रूडो, मैक्सिको के पीएम पेना नीटो से बात की थी। रविवार को ट्रंप ने इस्राइल के पीएम बेंजामीन नेतन्याहू और मिस्र के राष्ट्रपति अब्दुल फतेह अल सीसी से फोन पर बात की थी।

यह भी पढ़ेंः डॉनाल्ड ट्रंप और पीएम मोदी के बीच इन बिंदुओं पर हो सकती है चर्चा

डोनाल्ड ट्रंप को अमेरिका का राष्ट्रपति चुने जाने के बाद भारत और अमेरिका के बीच संबंध कैसे रहते हैं ये व्यक्तिगत तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ट्रंप दोनों राजनेताओं के बीच के रिश्तों पर भी निर्भर करता है। डोनाल्ड ट्रंप के अमेरिका के राष्ट्रपति की कुर्सी थामने के बाद से ही भारत के साथ अमेरिका के संबंध एक बार फिर चर्चा का विषय बन चुके हैं।

पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा के कार्यकाल में भारत अमेरिका का सबसे करीबी रहा और ट्रंप ने भी भारत के साथ रिश्ते और मजबूत करने पर बल दिया। यहां तक कि व्हाइट हाउस की ओर से जारी एक बयान में ट्रंप के कार्यकाल में भी रिश्तों में वही गर्मजोशी रहने की बात कही है।

दुनिया के सबसे शक्तिशाली देश के 45 वें राष्ट्रपति चुने जाने के बाद भारतीय प्रधानमंत्री ने ट्वीट कर डोनाल्ड ट्रंप को बधाई दी। ट्रंप भी अपने चुनावी अभियान के दौरान खुलकर भारत और पीएम मोदी की तारीफ कर चुके हैं। प्रथमदृष्टया तो साफ तौर पर कहा जा सकता है कि दोंनों ही देश एक दूसरे की जरूरत को भली भांति समझते हैं।