इंदौर। दाऊदी बोहरा समुदाय के धर्मगुरु सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन से भेंट के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 14 सितंबर को यहां पहुंच सकते हैं. सैफुद्दीन 20 दिवसीय प्रवास पर गुरुवार को यहां पहुंचे हैं. उप-जिलाधिकारी निशांत वरवड़े ने बताया कि दाऊदी बोहरा समुदाय के धर्मगुरु से मिलने के लिए प्रधानमंत्री के 14 सितंबर को यहां आने का कार्यक्रम संभावित है. इसके मद्देनजर जरूरी तैयारियां की जा रही हैं. Also Read - Coronavirus: इंदौर में ड्यूटी पर तैनात 3,000 पुलिसकर्मियों को परिवार से दूरी बनाए रखने की सलाह

पीएम का बेहद छोटा दौरा होगा  Also Read - इंदौर में कोरोना वायरस से पांच और लोग हुए संक्रमित, राज्य में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 20 हुई 

उन्होंने बताया कि सरकारी स्तर पर संकेत मिले हैं कि प्रधानमंत्री का इंदौर दौरा बेहद संक्षिप्त रहेगा. हालांकि, इस सिलसिले में केंद्र सरकार से विस्तृत कार्यक्रम की प्रतीक्षा की जा रही है. इस बीच, दाऊदी बोहरा समुदाय के प्रवक्ता ने बताया कि सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन के शहर आगमन के दौरान सांघी ग्राउंड पर हजारों लोगों ने धर्मगुरु का गर्मजोशी से इस्तकबाल किया. Also Read - केंद्रीय मंत्री ने ईमानदारी से टैक्स भरने वाले उद्यमियों की रक्षा का दिया भरोसा, कहा- फर्जीवाड़ा रोकने की है जरूरत

प्रवक्ता के मुताबिक अपने संक्षिप्त उद्बोधन में सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन ने राष्ट्रीय स्वच्छता रैंकिंग में इंदौर के लगातार दूसरे साल अव्वल रहने पर शहरवासियों की तारीफ की. इसके साथ ही, दाऊदी बोहरा समुदाय के लोगों से अपील की कि वे अन्य समुदायों के लोगों से मिल-जुलकर रहें और एक अच्छे नागरिक के तौर पर देश की तरक्की में योगदान करें.

40 देशों से पहुंचेंगे लोग

प्रवक्ता ने बताया कि शहर में अपने 20 दिवसीय प्रवास के दौरान सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन धार्मिक प्रवचन देंगे. इसके साथ ही, तीन मस्जिदों का उद्घाटन करेंगे. उन्होंने बताया कि दाऊदी बोहरा समुदाय के धर्मगुरु के दीदार और उनके प्रवचन सुनने के लिए 40 से ज्यादा मुल्कों के तकरीबन 1.7 लाख लोगों के इंदौर पहुंचने की उम्मीद है.

सियासी तबके की ओर से लोकसभा अध्यक्ष और स्थानीय सांसद सुमित्रा महाजन, प्रदेश के सहकारिता राज्य मंत्री विश्वास सारंग, रतलाम-झाबुआ क्षेत्र के लोकसभा सांसद कांतिलाल भूरिया और अन्य नेताओं ने यहां सैयदना मुफद्दल सैफुद्दीन का स्वागत किया. सैफुद्दीन को प्रदेश सरकार ने राजकीय अतिथि का दर्जा दिया है.