नई दिल्ली: साल 1971 में भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध हुआ था. इस युद्ध को आज 50 साल पूरे हो चुके हैं. इस युद्ध का ही परिणाम था कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान को दो टुकड़ों में बांट दिया जहां एक देश का नाम बांग्लादेश पड़ा. इस युद्ध में भारतीय सेना ने अपने पराक्रम का लोहा मनवाया. साथ ही यह दुनिया के उन गिने-चुने युद्धों में से एक था जिसमें 93 हजार सैनिकों मे भारतीय सेना के सामने हथियार डाल दिए थे. Also Read - Farm Laws 2020: कृषि कानूनों के विरोध के बीच किसानों और सरकार के बीच शुक्रवार होगी नौवें दौर की वार्ता

इस गौरव गाथा की ही याद में भारत में हर साल 16 दिसंबर को विजय दिवस मनाया जाता है. इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रीय समर स्मार्क पर सैनिकों को श्रद्धांजलि देने पहुंचे. यहां उन्होंने 4 स्वर्णिम मशाल भी जलाए. बता दें कि इन चारों मशालों को देश के कोने-कोने तक ले जाया जाएगा. बता दें कि जब पीएम मोदी सैनिकों को श्रद्धांजलि दे रहे थे उस दौरान लड़ाकू विमान राजपथ पर फ्लाई पास्ट कर रहे थे. Also Read - Yuva Sansad महोत्सव में बोले पीएम नरेंद्र मोदी- वंशवाद देश के लिए खतरा, युवा करें इसका खात्मा

इस खास अवसर पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने राष्ट्रीय समर स्मारक पर स्वर्णिम विजय वर्ष के लोगों का उद्घाटन भी किया. इसी अनावरण के साथ पूरे साल तक चलने वाले स्वर्णिम विजय समारोह की शुरुआत हुई.