नई दिल्ली: प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने चीन और कई अन्य देशों में घातक कोरोना विषाणु के बढ़ते मामले को लेकर वैश्विक चिंता के बीच इस विषाणु से निपटने के लिए भारत की तैयारियों की शनिवार को समीक्षा की. यह बीमारी चीन में फैली हुई है. आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव पी. के. मिश्रा की अध्यक्षता में हुई बैठक में स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों ने चीन में कोरोना विषाणु के फैलने के आलोक में उठाये गये कदमों के बारे में बताया.

 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देश पर यह बैठक हुई. कैबिनेट सचिव, गृह सचिव, विदेश सचिव, रक्षा सचिव, स्वास्थ्य सचिव, नागर विमानन सचिव और अन्य कई शीर्ष अधिकारियों ने इस बैठक में हिस्सा लिया. सूत्रों ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों ने मिश्रा को कोरोना विषाणु के संभावित मामलों से निपटने के लिए अस्पतालों और प्रयोगशालाओं की तैयारी तथा इस संदर्भ में तीव्र कार्रवाई दल के कौशल निर्माण के लिए उठाये गये कदमों के बारे में बताया. प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव ने नागर विमानन मंत्रालय सहित विभिन्न मंत्रालयों द्वारा उठाये गये एहतियाती कदमों की भी समीक्षा की.

अधिकारियों ने मिश्रा को आश्वस्त किया कि स्थिति पर स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मामले के मंत्रालय द्वारा अन्य मंत्रालयों एवं राज्य सरकारों एवं केंद्रशासित प्रदेशों के प्रशासनों की मदद से लगातार नजर रखी जा रही है. अब तक सात अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर 115 उड़ानों के 20 हजार लोगों का मेडिकल परीक्षण किया गया है. सूत्रों ने बताया कि राष्ट्रीय विषाणु विज्ञान संस्थान विषाणु के परीक्षण के लिए पूरी तरह कमर कस चुका है और सभी राज्य एवं जिला स्वास्थ्य प्रशासनों को अलर्ट कर दिया गया है.