नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ‘प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना’ लागू करने के 24 घंटे के अंदर ही इसके फायदे देखने को मिलने लगे हैं. अंग्रेजी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया ने आधिकारिक सूत्रों के हवाले से लिखा है कि 24 घंटे के भीतर देश भर में 1000 मरीजों को इसका फायदा मिला है. इसमें सबसे ज्यादा छत्तीसगढ़ और हरियाणा के मरीज हैं. इसके बाद झारखंड, आसाम और मध्यप्रदेश से आने वाले मरीज हैं. बता दें कि इस योजना की तुलना कुछ लोग अमेरिका के ओबामा केयर से कर रहे हैं और इसे ‘मोदीकेयर’ बता रहे हैं. Also Read - आयुष्मान भारत के लाभार्थी अब करवा सकेंगे 15 लाख रुपए तक इलाज, गंभीर बीमारियां होंगी कवर

बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को इस स्कीम की लॉन्चिंग के दौरान ही 5 गोल्ड कार्ड वितरित किए. इस स्कीम की घोषणा के बाद सबसे पहला फायदा झारखंड के जमशेदपुर की रहने वाली पूनम महतो को मिला. 22 साल की पूनम को पूर्वी सिंघभूम सदर अस्पताल में बेटी हुई थी, जिसे इस स्कीम का लाभ मिला. Also Read - झारखंड की पूनम महतो PMJAY की पहली लाभार्थी बनी

एक घंटे के अंदर ही फायदा
रिपोर्ट के मुताबिक, प्रधानमंत्री द्वारा इस स्कीम की लॉन्चिंग के एक घंटे के अंदर ही झारखंड में 4 मरीज रांची इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइसेंज में अलग-अलग बीमारी के इलाके के लिए भर्ती हुए. इसमें यूरोलॉजी, स्टेंटिंग और सिस्टोस्कोपी है. बता दें कि इस एंश्योरेंश स्कीम से 10 करोड़ परिवार जिसमें 50 करोड़ शख्स शामिल हैं उन्हें 5 लाख रुपये तक का सलाना कैशलेस हेल्थकेयर मिलेगा. Also Read - पीएम मोदी ने आयुष्मान भारत का किया शुभारंभ, कहा-ये दुनिया की सबसे बड़ी हेल्थ स्कीम

ये श्रेणियां आएंगी
बता दें कि इस योजना के दायरे में गरीब, वंचित ग्रामीण परिवार और शहरी श्रमिकों की पेशेवर श्रेणियां आयेगी. नवीनतम सामाजिक आर्थिक जातीय जनगणना (एसईसीसी) के हिसाब से गांवों में ऐसे 8.03 करोड़ और शहरों में 2.33 परिवार हैं. योजना का लाभ करीब 50 लाख लोगों को मिलेगा.एसईसीसी के डाटाबेस में तंगी के आधार पर पात्रता तय की जा रही है. ग्रामीण क्षेत्रों में तंगी की श्रेणियों (डी1,डी2,डी3,डी4,डी5, डी6 और डी7) के आधार पर लाभार्थियों की पहचान की गयी है. शहरी क्षेत्रों में 11 पेशवेर मापदंड पात्रता तय करेंगे.

झारखंड के लोगों के लिए खुशखबरी
इसके अलावा जिन राज्यों में राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना है, उसके लाभार्थी भी इस नयी योजना के अंतर्गत आएंगे. प्रधानमंत्री द्वारा प्रारंभ होने वाली इस योजना में झारखंड के कुल 68 लाख परिवारों में से 57 लाख परिवारों को बीमा सुरक्षा मिली. इससे राज्य की आबादी के 85 प्रतिशत हिस्से को लाभ होगा.