नई दिल्ली: पीएम नरेंद्र मोदी आज मॉनसून सत्र के प्रारंम्भ होने से पहले कहा कि जब तक दवाई नहीं, तब तक ढिलाई नहीं. पीएम ने कहा कि हम चाहते हैं कि दुनिया के किसी भी कोने में जल्द से जल्द कोरोना वैक्सीन विकसित हो, हमारे वैज्ञानिक इस प्रक्रिया में सफल हों और हमें इस महामारी से बाहर लाने में भी सफल हों. बता दें कि इससे पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने भी बीते कल बयान जारी कर कहा था कि अभी तक तारीख तय नहीं है लेकिन वैक्सीन 2021 की शुरुआत में जरूर तैयार हो जाएगी. Also Read - Corona Warriors: 50 साल की नर्स मुमताज बेगम किडनी की मरीज, हुआ था कोरोना, ठीक हो फिर काम पर लौटीं...

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि कोरोनावायरस के खिलाफ वैक्सीन अगले साल (2021) की शुरुआत में आ जाएगा. यह बात केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने यहां रविवार को कही. उन्होंने कहा, “हालांकि कोई तारीख अभी तय नहीं है लेकिन वैक्सीन 2021 की शुरुआत में तैयार हो जाएगा.” हर्षवर्धन ने यह भी कहा कि सरकार वरिष्ठ नागरिकों और उच्च जोखिम जगहों पर काम करने वाले लोगों को कोविड-19 टीकाकरण के आपातकालीन प्राधिकरण पर विचार कर रही है. उन्होंने कहा, “यह सहमति बनने के बाद किया जाएगा. Also Read - बिहार चुनाव पर संजय राउत का सवाल, क्या अब कोरोना वायरस की महमारी समाप्त हो गई?

कोविड-19 के लिए वैक्सीन प्रशासन पर राष्ट्रीय विशेषज्ञ समूह इस पर एक विस्तृत रणनीति तैयार कर रहा है कि ज्यादा से ज्यादा लोगों को कैसे टीका लगाया जाए. उन्होंने ‘रविवार संवाद’ कार्यक्रम के दौरान यह बात कही. हर्ष वर्धन ने अपने सोशल मीडिया फॉलोअर्स के साथ बातचीत की और उनके सवालों के जवाब दिए. स्वास्थ्य मंत्री ने आश्वासन दिया कि कोविड वैक्सीन के ट्रायल के दौरान पूरी सावधानी बरती जा रही है. उन्होंने कहा, “वैक्सीन सुरक्षा, लागत, इक्विटी, कोल्ड-चेन जरूरतों, उत्पादन समय-सीमा जैसे मुद्दों पर भी गहनता से चर्चा की जा रही है.” केंद्रीय मंत्री ने आश्वासन दिया कि टीका पहले उन लोगों के लिए उपलब्ध कराया जाएगा, जिनको सबसे ज्यादा इसकी जरूरत है, चाहे वो इसके लिए भुगतान कर पाएं या नहीं.

उन्होंने ये भी कहा कि इसका पहला डोज लेने में उनको खुशी होगी, ताकि किसी को ये न लगे कि इस पर विश्वास नहीं किया जा सकता. मंत्री ने देश में चल रहे वैक्सीन ट्रायल और इसके विकास पर भी जानकारी दी. उन्होंने यह भी कहा कि एक सुरक्षित और प्रभावी टीका प्राकृतिक संक्रमण की तुलना में बहुत तेज गति से कोविड-19 के लिए प्रतिरक्षा स्थापित करने में मदद करेगा. उन्होंने कहा कि आशा है कि अगले कुछ महीनों में किसी समुदाय में हर्ड इम्युनिटी के स्तर पर एक आम सहमति बन जाएगी.

बता दें कि देश में कोरोना महामारी अपने चरम पर पहुंच गया है. हर दिन हजारों की संख्या में संक्रमितों की पुष्टि की जा रही हैं. वहीं ज्यादातर दिनों में मौत का आंकड़ा भी प्रतिदिन 1000 के उपर रह रहा है. ऐसे में कोरोना महामारी को रोकने के लेकर नियमों का सख्ती से पालन किया जाना बेहद जरूरी है. वहीं राजधानी दिल्ली में खत्म होने की कगार पर पहुंच चुका कोरोना एक बार फिर रफ्तार पकड़ने लगा है. ऐसे में सुरक्षा व एहतियात बरतना बेहद जरूरी है.