नई दिल्लीः कोरोना की वजह से देश में जारी हुए लॉकडाउन (Lockdown) के बीच परेशान होकर अलग-अलग राज्यों से अपने-अपने घरों को लौटे कामगार (migrant workers) अब काम के लिए परेशान हैं. काम ना होने के कारण इन लोगों की आर्थिक स्थिति पर काफी प्रभाव पड़ा था. ऐसे में अब इन मजदूरों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) 20 जून से ‘गरीब कल्याण रोजगार मिशन (Garib Kalyan Rojgar Abhiyan)’ की शुरुआत करने जा रहे हैं. जिसके तहत अब इन मजदूरों को उन्हीं के गृह जिले में रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा. इस अभियान को 6 राज्यों के 116 जिलों में 125 दिनों तक चलाया जाएगा और श्रमिकों की मदद के लिए मिशन मोड में चलाया जाएगा. इस अभियान से जुड़ी जानकारी वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Finance Minister of India Nirmala Sitharaman) ने दी है. Also Read - कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से किए 4 सवाल, कहा- क्या भारत के दावे को गलवान घाटी में कमजोर किया जा रहा है?

20 जून से शुरू होने जा रहे इस अभियान (Garib Kalyan Rojgar Abhiyaan) के बारे में जानकारी देते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बताया कि, ‘केंद्र सरकार की इस योजना के तहत सरकार के 25 स्कीम्स में 50 हजार करोड़ रुपए का काम कराया जाएगा. जिसके अंतर्गत अलग-अलग राज्यों से अपने गृह नगरों को लौटे प्रवासी मजदूरों को काम दिया जाएगा. प्रवासी मजदूरों की मदद के लिए इस योजना को मिशन मोड में 125 दिनों तक चलाया जाएगा. जिसमें कोरोना संबंधी नियमों का पालन करना अनिवार्य होगा.’ Also Read - काशीवासियों से बोले पीएम नरेंद्र मोदी- जो शहर दुनिया को गति देता हो, उसके आगे कोरोना क्या चीज है

इस योजना के तहत मजदूरों को उनकी योग्यता के मुताबिक काम दिया जाएगा, ताकि इससे उनकी रोजी-रोटी की व्यवस्था होने के साथ ही अलग-अलग स्तर पर काम किया जा सके. बता दें ये 116 जिले वह जिले हैं, जहां लॉकडाउन के बीच बड़ी संख्या में मजदूरों ने वापसी की है. जिन राज्यों में सरकार इस अभियान की शुरुआत करने जा रही हैं, उसमें बिहार के 32, उत्तर प्रदेश के 31, मध्य प्रदेश के 24, राजस्थान के 22 , ओडिशा के 4, झारखंड के 3 जिले शामिल हैं, जहां बड़े स्तर पर प्रवासी मजदूरों को रोजगार मिलेगा. Also Read - Flood In Bihar: बिहार में बाढ़ की आशंका को लेकर अलर्ट, बचाव के लिए होगा ड्रोन का उपयोग

इन सरकारी योजनाओं के तहत मिलेगा रोजगार
वित्त मंत्रालय के मुताबिक, इस अभियान के तहत श्रमिकों को जिन योजनाओं के तहत काम मिलेगा उनमें कम्युनिटी सैनिटाइजेशन कॉम्पलेक्स, नेशनल हाइवे वर्क्स, ग्राम पंचायत भवन, कुएं की खुदाई शामिल है. इसके अलावा वित्त आयोग के फंड के अंतर्गत आने वाले काम, जल संरक्षण और सिंचाई, पौधारोपण, हॉर्टिकल्चर, आंगनवाड़ी केंद्र, पीएम आवास योजना (ग्रामीण) और जल जीवन मिशन आदि के तहत भी श्रमिकों को काम उपलब्ध कराया जाएगा.