लखनऊः कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने राजधानी लखनऊ में गांधी जयंती पर बुधवार को आयोजित गांधी संदेश यात्रा में शिरकत की और भाजपा को नसीहत दिया कि ‘बापू के बारे में बात करने से पहले उनके रास्ते पर चलना सीखें.’ प्रियंका ने शहीद स्मारक से जीपीओ तक करीब ढाई किलोमीटर की पदयात्रा की और जीपीओ स्थित गांधी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी. इसमें बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं ने भाग लिया.

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पहले से तय कार्यक्रम के अनुसार प्रियंका को पार्टी प्रदेश कार्यालय पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करना था लेकिन वह जीपीओ से ही हवाई अड्डे रवाना हो गईं. पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रमोद तिवारी ने राज्य मुख्यालय पर कार्यकर्ताओं से कहा कि जिला प्रशासन ने एक साजिश के तहत प्रियंका को दौरे के लिए बहुत कम समय दिया. इसी वजह से वह पार्टी राज्य मुख्यालय नहीं आ सकीं.

उन्होंने आरोप लगाया कि जिला प्रशासन ने प्रियंका को दिन में बारह से दो बजे तक का ही समय दिया था. साथ ही प्रशासन ने पूरा प्रयास किया कि प्रियंका डेढ बजे तक पार्टी कार्यालय ना पहुंच सकें. चूंकि उन्हें दिया गया समय खत्म हो गया था इसलिए प्रियंका ने मुख्यालय पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करने का कार्यक्रम रद्द कर दिया.

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दूसरी ओर, कांग्रेस के एक अन्य वरिष्ठ नेता व पूर्व विधायक अखिलेश प्रताप सिंह ने बताया कि प्रियंका को काफी तेज बुखार था. इस वजह से उन्होंने दौरा छोटा कर दिया और जल्दी ही दिल्ली लौट गईं. प्रियंका ने पदयात्रा शुरु करने से पहले संवाददाताओं के साथ संक्षिप्त बातचीत में सत्तारूढ़ भाजपा पर व्यंग्य करते हुए कहा कि पार्टी को पहले राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के रास्ते पर चलना चाहिये. बाद में उनके बारे में बात करनी चाहिए. उन्होंने कहा, ‘सत्य के पथ पर चलना गांधी का आदेश था. भाजपा पहले सत्य के पथ पर चले फिर गांधी की बातें करे.’’