पुडुचेरी: पुडुचेरी में उप राज्यपाल किरन बेदी और सीएम के बीच मतभेद बढ़ते जा रहे हैं. किरन बेदी  पर राज्य सरकार का आरोप है कि वो कल्याणकारी योजनाओं और प्रस्तावों को मंजूरी नहीं दे रही हैं. 5 दिन से राजभवन के सामने धरना दे रहे मुख्यमंत्री वी नारायणसामी ने रविवार को आगाह किया कि अगर उनके प्रस्तावों को मंजूरी नहीं मिली तो राज निवास के बाहर जारी उनका ‘धरना’ 20 फरवरी से और तेज होकर “जेल भरो”आंदोलन का रूप ले लेगा.

नारायणसामी का यह धरना कल्याण योजनाओं एवं प्रशासनिक मामलों पर सरकार के प्रस्ताव पर उपराज्यपाल किरण बेदी की मंजूरी को लेकर है. रविवार को धरने के पांचवे दिन में प्रवेश के साथ ही नारायणसामी ने कहा, “सात फरवरी को उपराज्यपाल को भेजे गए पत्र में उठाई गई हमारी मांगों के पूरा होने तक हमारा प्रदर्शन जारी रहेगा.”

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उन्होंने बेदी पर मुफ्त चावल योजना के साथ ही प्रशासनिक मामलों पर सरकार की कल्याण योजनाओं संबंधी 39 प्रस्तावों को मंजूरी नहीं देने का आरोप लगाया है. नारायणसामी को लिखे एक पत्र में हेदी ने जन विरोध के प्रति तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की और उनके धरना को “गैरकानूनी” करार दिया. उन्होंने 21 फरवरी को सार्वजनिक मंच पर उनके साथ सभी मुद्दों पर चर्चा करने की पेशकश की है.

मई 2016 में बेदी को उपराज्यपाल नियुक्त किए जाने के बाद से दोनों के बीच विभिन्न प्रशासनिक मुद्दों पर ठनी रहती है. रविवार को मुख्यमंत्री, उनके मंत्रियों एवं सत्तारूढ़ गठबंधन के नेताओं ने उपराज्यपाल के खिलाफ अपना विरोध जाहिर करने के लिए अपने घरों के ऊपर काले झंडे फहराए.

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