नई दिल्ली: कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने लॉकडाउन से बाहर निकलने के लिए रणनीति बनाने की मांग की है. उन्होंने कहा कि इस स्थिति से निपटने के लिए लोगों के बीच से इस वायरस से जुड़ा डर का माहौल खत्म करना होगा. Also Read - दिल्ली में 22000 के पार पहुंचे कोरोना वायरस के मामले, अब तक 556 की मौत

उन्होंने कहा कि सरकार के कदमों में पारदर्शिता होनी चाहिए तथा सरकार छोटे कारोबारों की तत्काल मदद करे और गरीबों एवं मजदूरों के खातों में 7500 रुपये डाले. Also Read - अगस्त-सितंबर में टीम इंडिया का कैंप लगाने के बारे में सोच रही है बीसीसीआई

गांधी ने वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिए संवाददाताओं से कहा, ‘हमें छोटे कारोबारों, मजदूरों की मदद करनी होगी. लोगों की नौकरियां जा रही हैं. अगर हम अभी मदद नहीं करते हैं तो (बेरोजगारी की) सुनामी आ जाएगी’. Also Read - अमेरिका के बायोटेक कंपनी का दावा, कोरोना के मरीजों पर असरदार हो रहा है यह दवा

 

उन्होंने कहा कि सरकार जो कदम उठाए उसमें पारदर्शिता होनी चाहिए.

गांधी ने कहा, ‘अगर हमें लॉकडाउन से बाहर निकलना है तो हमें डर खत्म करना होगा. यह बताना होगा कि कोविड-19, 99 प्रतिशत लोगों के लिए खतरनाक नहीं हैं. जिन एक फीसदी लोगों के लिए यह खतरनाक है उनकी हमें सुरक्षा करनी होगी’.

उन्होंने कहा, ‘अगर इस लड़ाई को हम पीएमओ में रखेंगे तो यह लड़ाई हारी जाएगी. प्रधानमंत्री को मुख्यमंत्रियों पर और मुख्यमंत्रियों को जिला अधिकारियों पर विश्वास करना होगा’.

गांधी के मुताबिक, कांग्रेस शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने कहा कि इस संकट से लड़ने के लिए विकेंद्रीकरण की जरूरत है.

(एजेंसी से इनपुट)