नई दिल्ली: पाकिस्तान में गुरु नानक की जन्मस्थली ननकाना साहिब गुरुद्वारे पर सैकड़ों लोगों द्वारा हमला करने के एक दिन बाद, पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने इसकी निंदा करते हुए कहा कि कट्टरता खतरनाक है और प्रेम ही इसका एकमात्र प्रतिकार है. राहुल गांधी ने ट्विटर पर लिखा, “ननकाना साहिब पर हमला निंदनीय है और इसकी स्पष्ट रूप से निंदा की जानी चाहिए. कट्टरता एक खतरनाक, पुराना जहर है, जो कोई सीमा नहीं जानता है. प्यार, आपसी सम्मान, समझ इसका एकमात्र ज्ञात प्रतिकार है.”

उनकी टिप्पणी गुरुद्वारे पर एक मुस्लिम भीड़ द्वारा हमला किए जाने के एक दिन बाद आई है. हमले में सिख श्रद्धालु गुरुद्वारे के अंदर फंस गए थे. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में दिखा कि अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ सांप्रदायिक और घृणित नारे लगाए गए हैं और धर्मस्थल पर पथराव किया गया है.

हालांकि इस घटना के बहाने भारतीय जनका पार्टी ने कांग्रेस पार्टी पर निशाना साधा है. बीजेपी सांसद मीनाक्षी लेखी ने नवजोत सिंह सिद्धू के बहाने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा, “अब तक मैंने इस मुद्दे पर कांग्रेस से कुछ भी नहीं सुना है. मुझे नहीं पता कि सिद्धू (नवजोत सिंह सिद्धू) पाजी कहां भाग गए हैं? अगर इन सबके बाद भी वह आईएसआई प्रमुख को गले लगाना चाहता है, तो कांग्रेस को इस पर गौर करना चाहिए.” इसके अलावा ट्विटर पर भी लोग नवजोत सिंह सिद्धू से उनकी खामोशी के बारे में पूछ रहे हैं. बता दें कि ननकाना साहिब पर हमले को लेकर अभी तक कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू का कोई बयान नहीं आया है.

पाकिस्तानी सूत्रों ने कहा कि भीड़ की अगुवाई मोहम्मद हसन के परिवार ने की थी, जिसने एक सिख लड़की जगजीत कौर का अपहरण किया था और उसका धर्मातरण किया था. हसन के परिवार ने उसके खिलाफ पुलिस कार्रवाई के विरोध में ऐसा किया.

ननकाना साहिब पर हमला 1955 के पंत-मिर्जा समझौते का उल्लंघन है, जिसके तहत भारत और पाकिस्तान यह सुनिश्चित करने को लेकर हर संभव प्रयास करने के लिए बाध्य हैं कि धार्मिक स्थलों, जिनका उनके देशों के सदस्यों द्वारा दौरा किया जाता है, उनका उचित रखरखाव किया जाएगा और उनकी पवित्रता संरक्षित रहेगी.

(इनपुट ऐजेंसी/आईएएनएस)