नई दिल्ली।  एम्स में भर्ती पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी से मिलने का सिलसिला तेज हो गया है. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने एम्स में भर्ती पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी से मुलाकात कर उनकी सेहत का हालचाल लिया. इसके बाद बीजेपी प्रमुख अमित शाह भी उनसे मिलने एम्स पहुंचे. उनके साथ स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा भी थे. इसके बाद पीएम नरेंद्र मोदी भी उनसे मिलने एम्स पहुंचे. पीएम ने डॉक्टरों से वाजपेयी की तबियत का हालचाल जाना. मोदी ने वाजपेयी की कुशलक्षेम के बारे में पूछा और उनके परिजनों से मिले. पीएम यहां करीब 50 मिनट तक रहे. डॉक्टरों के मुताबिक वाजपेयी को रूटीन चेकअप के लिए आज ही एम्स में भर्ती कराया गया है. डॉक्टरों ने जानकारी दी थी कि वाजपेयी पूरी तरह ठीक हैं और जल्द स्वस्थ हो जाएंगे.

पीएम मोदी के रवाना होने के कुछ देर बाद वाजपेयी के साथ रहे वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी भी उनका हालचाल लेने एम्स पहुंचे. इसके अलावा गृह मंत्री राजनाथ सिंह भी वाजपेयी से मिलने यहां पहुंचे और उनका हालचाल जाना. केंद्रीय मंत्री डॉ. हर्षवर्धन और विजय गोयल भी वाजपेयी का हालचाल लेने एम्स पहुंचे. डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि चिंता की कोई बात नहीं है. गोयल ने कहा कि उनका यूरिन इंफेक्शन का इलाज हो रहा है.

रूटीन चेकअप के लिए भर्ती वाजपेयी

पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को रूटीन चेकअप के लिए दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में भर्ती कराया गया है. एम्स के डायरेक्टर ने इस बात की पुष्टि की है कि पूर्व पीएम को रूटीन चेकअप के लिए ही भर्ती कराया गया है. एम्स की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में रूटीन चेकअप और जांच के लिए भर्ती कराया गया है. डॉक्टर रणदीप गुलेरिया के निर्देशन में उनकी जांच चल रही है.

लंबे समय से बीमार हैं वाजपेयी

बता दें कि 93 साल के वाजपेयी लंबे समय से बीमार हैं और चलने-फिरने के साथ-साथ बोलने की स्थिति में भी नहीं हैं. अटल बिहारी तीन बार प्रधानमंत्री बने. पहली बार 1996 में 13 दिन के लिए, दूसरी बार 1998 में 13 महीने के लिए और तीसरी बार 1999 से 2004 तक पांच साल के लिए पीएम रहे. इस समय वह भारत के पूर्व प्रधानमंत्रियों में सबसे बुजुर्ग हैं.

वाजपेयी को एक लेखक के तौर पर भी जाना जाता है. 25 दिसंबर यानी क्रिसमस के दिन उनके जन्मदिन को बीजेपी गुड गवर्नेंस के तौर पर मनाती है. 2015 में अटल बिहारी वाजयेपी को भारत का सबसे बड़ा नागरिक सम्मान भारत रत्न दिया गया था. पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने उनके घर पर जाकर उन्हें सम्मान से नवाजा था.

यूपी से रिश्ता
अटल बिहारी बाजपेयी का जन्म मध्य प्रदेश के ग्वालियर में 25 दिसम्बर 1924 को हुआ था. उनके पिता कृष्ण बिहारी बाजपेयी शिक्षक थे. उनकी माता कृष्णा जी थीं. मूलत: उनका संबंध उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के बटेश्वर गांव से है लेकिन, पिता जी मध्य प्रदेश में शिक्षक थे. इसलिए उनका जन्म वहीं हुआ. लेकिन, उत्तर प्रदेश से उनका राजनीतिक लगाव सबसे अधिक रहा. प्रदेश की राजधानी लखनऊ से वे सांसद रहे थे.