नई दिल्ली: कृषि कानूनों और किसान आंदोलन को लेकर राहुल गांधी ने एक बार फिर केंद्र सरकार पर हमला बोला है. प्रेस कांफ्रेंस करते हुए राहुल गाँधी ने कहा कि पहले कानून से देश में मंदी सिस्टम ख़त्म होगा, इसके बाद किसानों का जीवन बर्बाद हो जायेगा. इसलिए कृषि कानूनों को बेहद बारीकी से समझना होगा. पीएम मोदी के पास बोलने के लिए कुछ नहीं है. ये बीजेपी के लिए गलतफहमी है कि लोगों को कुछ समझ नहीं है. पीएम ये न सोचें कि किसी को समझ नहीं आ रहा है. ये आंदोलन अब दूसरे शहरों में भी फैलेगा. पीएम को मैं बता रहा हूं कि अब इससे देश को बड़ा नुकसान होने वाला है. इससे देश को फायदा नहीं होगा. इसलिए कानून वापस लिए जाएँ.Also Read - Punjab Elections 2022: राहुल गांधी की अमृतसर मीटिंग से दूर रहे 5 कांग्रेस सांसद, एक MP ने दी ये सफाई

राहुल गाँधी ने कहा कि देश के युवाओं को मैं कहना चाहता हूं कि वो कानून को समझें. देश का मंडी सिस्टम खत्म हो जायेगा. किसानों के साथ अपराधी जैसा व्यवहार किया जा रहा है. बड़े लोगों को लाखों टन अनाज इकठ्ठा करने की खुली छूट दे दी गई है. ये बेहद घातक है. Also Read - Budget Session of Parliament: सोनिया गांधी के नेतृत्व में कल कांग्रेस संसदीय समूह की बैठक, बजट सत्र के लिए बनेगी रणनीति

किसान इन्हीं वजहों से दिल्ली में डटे हैं, लेकिन सरकार इन्हें धमका रही है. उनके साथ गलत व्यवहार कर रही है. उन्हें पीट रही है. ये बिलकुल गलत है. किसान कानून के तहत कोई विवाद होने पर कोर्ट तक में नहीं जा सकते हैं. इस पूरे घटनाक्रम का समाधान यही है कि सरकार कानूनों को वापस ले. Also Read - RRB-NTPC Results 2022: बढ़ता जा रहा है विवाद, राहुल गांधी-प्रियंका के बाद मायावती-पप्पू यादव ने भी जताई नाराजगी

राहुल गांधी ने कहा कि किसान घर नहीं जायेंगे. वो आंदोलन करते रहेंगे. लाल किले के अन्दर किसानों को किसने जाने दिया. अमित शाह से पूछिए कि लाल किले में किसान कैसे अन्दर गए. किसानों पर हमला करना गलत है. काले कानून से देश और किसानों की मुश्किलें बढ़ेंगी. किसान जल्दी से कानूनों को वापस ले.